
Swami Rambhadracharya : नोएडा शहर के नोएडा स्टेडियम में राम कथा सोमवार को भी जारी रही। कथा के पांचवें दिन मणिपुर में महिलाओं के साथ हुई बर्बता पर कथा व्यास श्री रामभद्राचार्य का सीना भी पसीज गया। उन्होंन कथा के बीच में ही मणिपुर की घटना पर चिंता व्यक्त करते हुए दु:ख जताया। कथा सुन रहे भक्तों ने भी उनके सुर में सुर मिलाया।
जैसा कि हम पहले भी बता चुके हैं कि नोएडा शहर के नोएडा स्टेडियम में श्रीराम कथा का आयोजन चल रहा है। इस कथा के कथा व्यास प्रसिद्ध संत जगदगुरू रामभद्राचार्य हैं। मंगलवार को कथा का छठां दिन है। कथा 4 अगस्त तक चलेगी। इस कथा का आयोजन भाजपा नेता व जेवर विधायक धीरें सिंह की देखरेख में श्रीहनुमान सेवा न्यास तथा श्रीराम राज फाउंडेशन करा रहा है।
रामकथा के पांचवें दिन कथा व्यास स्वामी रामभद्राचार्य का सीना अचानक पसीज गया। मणिपुर में दो भारतीय बेटियों के साथ हुई बर्बता का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं को सुनकर उनके दिल में दर्द होता है। किस भी सभ्य समाज में इस प्रकार की घटनाओं के लिए कोई स्थान नहीं होना चाहिए। उनकी बात को सुनकर कथा सुन रहे भक्तों ने भी दु:ख व्यक्त किया।
Read More - Noida News : मरे हुए माफिया सरगना अनिल दुजाना का अभी भी पीछा कर रही है UP पुलिसमणिपुर की घटना को लेकर देश की सर्वोच्च अदालत सुप्रीम कोर्ट बेहद चिंतित है। कल सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई हुई। इस सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मणिपुर में महिलाओं के साथ जो हुआ वह बेहद ही भयानक अपराध है। सुप्रीम कोर्ट ने मणिपुर की पुलिस व्यवस्था को लेकर सख्त लहजे में कहा कि वहां की पुलिस ने दोनों महिलाओं को उग्र भीड़ के हवाले कर दिया और फिर पुलिस मूकदर्शक बनकर खड़ी रही। सुप्रीम कोर्ट मंगलवार को भी इस मामले की सुनवाई जारी रखेगा। सुप्रीम कोर्ट का रुख देख कर इस मुद्दे पर अब तक चुप्पी साधकर बैठने वाले लोगों ने बोलना शुरू कर दिया है। राममथा में भी यह मुद्दा सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी के बाद ही उठाया गया है। Swami Rambhadracharya