बैंक के सीईओ और मैनेजर बुरे फंसे, लटकी गिरफ्तारी की तलवार
Noida News
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 08:22 PM
नोएडा के बोट बाइक घोटाले में अब एक निजी बैंक के सीईओ और मैनेजर समेत नौ लोगों के नाम जुड़ गए हैं। आरोपी लोगों को निवेश के नाम पर अपने जाल में फंसाते थे। फिर उनके खाते को एनपीए कर उनकी प्रापर्टी को सील करा देते थे। बैंक के सीईओ और मैनेजर पर आरोप है कि एनपीए हुई प्रापर्टी को आरोपी मिली भगत कर अपने नाम करा लेते थे। इस मामले में नोएडा के रहने वाले पीड़ित ने थाना सेक्टर-24 में आरोपियों के खिलाफ एफआईआर कराई है। अब नोएडा पुलिस जल्द ही आरोपियों को बुलाकर पूछताछ करेगी। जरूरत पड़ने पर पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार भी कर सकती है। Noida News
सीईओ ने खाता एनपीए कर पत्नी के नाम कराई प्रापर्टी
नोएडा के रहने वाले पीड़ित का आरोप है कि नोवल कॉपरेटिव बैंककी किश्ते जमा करने के बाद आरोपियों ने मिलकर उसे एनपीए घोषित करने के बाद किश्ते जमा कराते हुए कब्जा कर लिया। बाद में आरोपी ने उनकी प्रॉपर्टी को सील करने के बाद सीईओ ने उसे अपनी पत्नी के नाम करवा लिया। इस संबंध में सेक्टर-100 में दुकान चलाने वाले कालू सिंह चौहान के सीनियर पुलिस अधिकारियों से शिकायत के बाद नोवल कॉपरेटिव बैंक के सीईओ विजय कुमार, मैनेजर हेमलता शर्मा, राघव भारद्वाज, गोविंद भारद्वाज, रमेश चंद्र गुप्ता, मेहर सिंह, रोहन कुमार पांडेय समेत अन्य पर केस दर्ज किया गया है।
किश्त जमा करने के बावजूद भी कर दिया था खाता एनपीए
पीड़ित के अनुसार उन्होंने आरोपियों के बैंक से 2018 से 2019 के बीच 55 लाख रुपये का लोन लिया था। 2021 में कोविड के वक्त वह कुछ किश्ते जमा नहीं कर पाए थे। इस दौरान केंद्र सरकार के निर्देश के बाद भी आरोपियों ने उनके दोनों लोन अकाउंट का एनपीए घोषित कर दिया। इस मामले में जानकारी होने पर वह बैंक गए और उन्होंने बात 2023 तक अपने सभी पुराने बकाए को क्लियर कर दिया। इस बाद वह किश्ते लगातार जमा कर रहे थे। आरोप है कि लगाकर किश्ते लेने के बाद भी आरोपियों ने 2021 के एनपीए के आधार पर उनकी सेक्टर-100 की प्रॉपर्टी को सील कर लिया और बाद में बैंक की मैनेजर के नाम पर ही उस प्रॉपर्टी उन्हें बिना कोई जानकारी दिए 2024 में रजिस्ट्री कर दी। पीड़ित के अनुसार बाद से आरोपी लगाकर बदमाशों को भेजकर उन्हें धमकी दिलवा रहे हैं। जिससे वह काफी डरे हुए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है। Noida News
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समझौता तोड़ने पर बुरा फंसी कंपनी
नोएडा के फेज टू स्थित एक इलेक्ट्रिक कंपनी पर डिस्ट्रीब्यूटरशिप शर्तों का उल्लंघन करने और धोखाधड़ी करने का आरोप लगा है। पीड़ित दीपक विहार, खोड़ा कॉलोनी निवासी वरूण ने कोर्ट में अर्जी दी है कि उन्होंने नोएडा फेज टू स्थित एक कंपनी से वर्ष 2015 में डिस्ट्रीब्यूटरशिप ली थी। इस कंपनी से पीड़ित बिजली की एलईडी, पंखे आदि खरीदते थे। समझौते के वक्त यह कहा गया था कि नोएडा में आपके अलावा किसी अन्य को डिस्ट्रीब्यूटरशिप नहीं दिया जाएगा और वारंटी व गारंटी में जो सामान वापस आएगा, उसे बदला जाएगा। आरोप है कि कंपनी ने डिस्ट्रीब्यूटरशिप शर्तों का उल्लंघन कर चार पांच डिस्ट्रीब्यूटर नियुक्त कर दिया और वादी का गारंटी व वारंटी में रखा सामान उठाना बंद कर दिया। इससे हर महीने हजारों रुपये का नुकसान हो रहा है। पीड़ित पक्ष ने कई बार सामान उठाने के लिए कंपनी से संपर्क किया तब जान से मारने की धमकी दी गई। इस मामले की जांच की जा रही है। Noida News