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PM Kisan Samman Nidhi: सबसे ज्यादा चर्चा उत्तर प्रदेश और बिहार को लेकर हो रही है। जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में e-KYC और फार्मर आईडी पूरी न होने की वजह से करीब 16 लाख किसानों के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। वहीं बिहार में भी लगभग 2.45 लाख ऐसे लाभार्थियों की पहचान हुई है।

देश के करोड़ों किसान इस समय प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की अगली किस्त का इंतजार कर रहे हैं। माना जा रहा है कि सरकार जल्द ही पीएम किसान योजना की 23वीं किस्त जारी कर सकती है। लेकिन इससे पहले कई राज्यों में बड़े स्तर पर वेरिफिकेशन अभियान चलाया जा रहा है। इस जांच के दौरान हजारों नहीं बल्कि लाखों किसानों के नाम लाभार्थी सूची से हटाए जा रहे हैं। ऐसे में कई किसानों के मन में डर बना हुआ है कि कहीं उनका नाम भी लिस्ट से बाहर तो नहीं हो गया।
सबसे ज्यादा चर्चा उत्तर प्रदेश और बिहार को लेकर हो रही है। जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में e-KYC और फार्मर आईडी पूरी न होने की वजह से करीब 16 लाख किसानों के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। वहीं बिहार में भी लगभग 2.45 लाख ऐसे लाभार्थियों की पहचान हुई है जो योजना के नियमों के खिलाफ फायदा ले रहे थे।
उत्तर प्रदेश में बड़ी संख्या में किसानों ने अभी तक अपनी Farmer ID नहीं बनवाई है। सरकार पहले ही साफ कर चुकी है कि बिना फार्मर आईडी और e-KYC के योजना का लाभ जारी नहीं रहेगा। इसके बावजूद लाखों किसान अभी भी जरूरी प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए हैं। राज्य में करीब 2.88 करोड़ किसानों ने पीएम किसान योजना के लिए रजिस्ट्रेशन कराया था लेकिन इनमें से सिर्फ 2.25 करोड़ किसानों ने ही Farmer ID के लिए आवेदन किया है। यानी अब भी बड़ी संख्या में किसान जरूरी दस्तावेज और पहचान प्रक्रिया से बाहर हैं। इसी वजह से उनके नाम योजना की सूची से हटाए जा रहे हैं। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान पहले ही कह चुके हैं कि Farmer ID को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही नहीं चलेगी। सरकार चाहती है कि सभी पात्र किसान सही जानकारी के साथ योजना से जुड़े रहें।
बिहार में वेरिफिकेशन के दौरान एक अलग तरह की गड़बड़ी सामने आई। जांच में पता चला कि कई परिवारों में पति और पत्नी दोनों ही पीएम किसान योजना का लाभ ले रहे थे। जबकि योजना के नियमों के अनुसार एक परिवार में सिर्फ एक सदस्य को ही इसका फायदा मिल सकता है। इसी वजह से करीब 2.45 लाख संदिग्ध लाभार्थियों के नाम हटाए गए हैं। सरकार अब दूसरे राज्यों में भी इसी तरह की जांच कर रही है ताकि सिर्फ पात्र किसानों को ही योजना का लाभ मिले।
अगर आपको भी डर है कि कहीं आपका नाम सूची से हट तो नहीं गया तो इसे घर बैठे ऑनलाइन चेक किया जा सकता है। सरकार ने इसके लिए पोर्टल पर सुविधा दी हुई है। पीएम किसान की वेबसाइट पर जाकर Beneficiary List में राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव की जानकारी भरकर पूरी सूची देखी जा सकती है। इससे पता चल जाएगा कि आपके गांव में किन-किन किसानों को योजना का लाभ मिल रहा है और आपका नाम अभी भी लिस्ट में है या नहीं।
सरकार लगातार किसानों को e-KYC पूरा करने के लिए कह रही है। जिन किसानों की e-KYC अधूरी होगी उनकी अगली किस्त रुक सकती है। इसलिए समय रहते यह प्रक्रिया पूरी करना बेहद जरूरी है। ऑनलाइन पोर्टल पर “Know Your Status” विकल्प के जरिए किसान अपना रजिस्ट्रेशन नंबर डालकर स्टेटस देख सकते हैं। OTP वेरिफिकेशन के बाद यह पता चल जाएगा कि e-KYC पूरी हुई है या नहीं और अगली किस्त खाते में आएगी या नहीं।
पीएम किसान योजना देश की सबसे बड़ी किसान योजनाओं में से एक है। हर साल करोड़ों किसानों को इस योजना के तहत आर्थिक सहायता दी जाती है। लेकिन अब सरकार फर्जी और अपात्र लाभार्थियों पर सख्ती बढ़ा रही है। ऐसे में किसानों के लिए जरूरी है कि वे समय पर Farmer ID बनवाएं, e-KYC पूरी करें और अपने दस्तावेज अपडेट रखें। छोटी सी लापरवाही अगली किस्त रोक सकती है। इसलिए अगर आप भी पीएम किसान योजना के लाभार्थी हैं तो एक बार अपना स्टेटस जरूर चेक कर लें।
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