उत्तर प्रदेश की 40 हजार मेधावी छात्राओं को रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत मुफ्त स्कूटी देने की तैयारी है। उच्च शिक्षा विभाग ने GeM पोर्टल पर खरीद के लिए बिड भी जारी कर दी है। सितंबर के अंत तक प्रक्रिया पूरी होनी के बाद चयनित कंपनी को 100 दिनों में स्कूटी की आपूर्ति करनी होगी।

Rani Laxmibai Scooty Yojana : उत्तर प्रदेश की हजारों मेधावी छात्राओं के लिए योगी सरकार जल्द बड़ी खुशखबरी देने की तैयारी में है। उत्तर प्रदेश की महत्वाकांक्षी रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत करीब 40 हजार मेधावी छात्राओं को मुफ्त स्कूटी देने की प्रक्रिया आगे बढ़ गई है। उच्च शिक्षा विभाग ने स्कूटी खरीदने के लिए GeM पोर्टल पर बिड जारी कर दी है। सरकार की कोशिश है कि खरीद प्रक्रिया सितंबर के अंत तक पूरी कर ली जाए और इसके बाद चयनित कंपनी निर्धारित समय के भीतर स्कूटियों की आपूर्ति करे। अधिकारियों के मुताबिक चयनित कंपनी को स्कूटी की सप्लाई के लिए 100 दिनों का समय दिया जाएगा। यदि खरीद प्रक्रिया तय समय पर पूरी होती है तो इस गणना के आधार पर जनवरी तक छात्राओं को स्कूटी मिलने की उम्मीद है। सरकार ने स्कूटी वितरण की व्यवस्था भी पहले से तैयार करने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। Rani Laxmibai Scooty Yojana
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत प्रदेश की मेधावी छात्राओं को स्कूटी उपलब्ध कराने की तैयारी है। योजना के लिए छात्राओं की चयन सूची तैयार करने की प्रक्रिया भी खरीद प्रक्रिया के साथ आगे बढ़ेगी। खास बात यह है कि स्कूटी की आपूर्ति किसी एक शहर तक सीमित नहीं रहेगी। सरकार ने प्रदेश के सभी 75 जिला एवं मंडल मुख्यालयों तक स्कूटियां पहुंचाने की व्यवस्था रखी है। किस स्थान पर कितनी स्कूटी भेजी जाएंगी, इसकी जानकारी संबंधित खरीद आदेश जारी करते समय निर्धारित की जाएगी। अधिकारियों ने लाभार्थियों की संख्या में संभावित बदलाव को देखते हुए खरीद प्रक्रिया में अतिरिक्त गुंजाइश भी रखी है। निर्धारित संख्या में 25 प्रतिशत तक बढ़ोतरी या कमी की जा सकती है। जरूरत पड़ने पर यह संख्या 25 प्रतिशत से भी अधिक बढ़ाई या घटाई जा सकती है, ताकि लाभार्थियों की वास्तविक संख्या के अनुसार स्कूटियों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। Rani Laxmibai Scooty Yojana
स्कूटी खरीद की प्रक्रिया को लेकर उच्च शिक्षा विभाग ने अगला महत्वपूर्ण कदम भी तय कर दिया है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. मोनिका सिंह के अनुसार स्कूटी खरीद में भाग लेने वाले विक्रेताओं के साथ 21 सितंबर को दोपहर 12 बजे से ऑनलाइन बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में खरीद प्रक्रिया से संबंधित बिंदुओं और शर्तों पर चर्चा की जाएगी। इसके बाद टेंडर प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए चयनित कंपनी से स्कूटियों की आपूर्ति कराई जाएगी। सरकार की समयसीमा के मुताबिक सितंबर के अंत तक खरीद प्रक्रिया पूरी करने और उसके बाद 100 दिनों के भीतर आपूर्ति कराने का लक्ष्य रखा गया है। इसी वजह से जनवरी तक छात्राओं को स्कूटी मिलने की संभावना जताई जा रही है। Rani Laxmibai Scooty Yojana
योजना के तहत छात्राओं को केवल स्कूटी उपलब्ध कराने की बात नहीं है, बल्कि इसके साथ कई जरूरी सामान भी दिया जाएगा। प्रत्येक स्कूटी के साथ IS 4151:2015 मानक वाला हेलमेट देना अनिवार्य किया गया है। इसके अलावा लाभार्थियों को चार लीटर पेट्रोल भी उपलब्ध कराया जाएगा। स्कूटी के साथ जरूरी एक्सेसरीज की व्यवस्था भी खरीद प्रक्रिया का हिस्सा होगी। इनमें गार्ड किट, ग्रिप कवर, किक रबर और सीट कवर सहित अन्य आवश्यक वस्तुएं शामिल हैं। सरकार ने स्कूटी के तकनीकी मानकों को लेकर भी स्पष्ट शर्तें रखी हैं। खरीदी जाने वाली स्कूटी BS6 मानक, ऑटोमैटिक और ट्यूबलेस टायर वाली होगी। इससे छात्राओं को पढ़ाई और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए आने-जाने में सुविधा मिलने की उम्मीद है। Rani Laxmibai Scooty Yojana
उत्तर प्रदेश में बड़ी संख्या में छात्राएं उच्च शिक्षा के लिए अपने घर से दूर कॉलेज और विश्वविद्यालयों में जाती हैं। ग्रामीण क्षेत्रों और छोटे शहरों से आने वाली छात्राओं के लिए सार्वजनिक परिवहन या निजी वाहन की सुविधा हमेशा आसानी से उपलब्ध नहीं होती। ऐसे में स्कूटी मिलने से छात्राओं की कॉलेज तक पहुंच आसान होने, समय की बचत होने और उच्च शिक्षा के दौरान उनकी आवाजाही बेहतर होने की उम्मीद है। यही वजह है कि इस योजना को छात्राओं को प्रोत्साहित करने वाली महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। अब सबसे बड़ा इंतजार लाभार्थी छात्राओं की अंतिम सूची और स्कूटियों के वितरण का है। जैसे-जैसे खरीद प्रक्रिया आगे बढ़ेगी, यह तस्वीर भी साफ होगी कि किस जिले को कितनी स्कूटियां मिलेंगी और किन छात्राओं को योजना का लाभ मिलेगा। Rani Laxmibai Scooty Yojana
उत्तर प्रदेश सरकार ने दिव्यांगजनों के हित में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों और संस्थाओं को सम्मानित करने के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार-2026 की भी घोषणा की है। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से यह पुरस्कार 3 दिसंबर को विश्व दिव्यांग दिवस के अवसर पर विभिन्न श्रेणियों में दिए जाएंगे। सरकार का उद्देश्य दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण, सम्मान, आत्मनिर्भरता और सामाजिक भागीदारी के लिए काम करने वाले लोगों तथा संस्थाओं को प्रोत्साहित करना है। इसके जरिए ऐसे प्रयासों को सार्वजनिक पहचान देने की व्यवस्था की गई है, जिनसे दिव्यांगजनों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहा है। Rani Laxmibai Scooty Yojana
राज्य स्तरीय पुरस्कार के लिए पात्र व्यक्ति और संस्थाएं 15 सितंबर तक आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के साथ संबंधित जिलाधिकारी की संस्तुति आवश्यक होगी। आवेदन दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के निदेशालय, लखनऊ में किया जा सकता है। पुरस्कार से जुड़ी पात्रता, श्रेणियों और अन्य जरूरी जानकारी विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। इसके अलावा इच्छुक व्यक्ति विभाग की हेल्पलाइन 18001801995 पर संपर्क कर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। Rani Laxmibai Scooty Yojana
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