उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने प्रदेश की मेधावी छात्राओं के लिए बड़ी सौगात का ऐलान किया है। राज्य मंत्रिमंडल ने रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत स्नातक (ग्रेजुएशन) करने वाली पात्र छात्राओं को मुफ्त स्कूटी दी जाएगी।

UP Scooty Scheme : उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने प्रदेश की मेधावी छात्राओं के लिए बड़ी सौगात का ऐलान किया है। राज्य मंत्रिमंडल ने रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत स्नातक (ग्रेजुएशन) करने वाली पात्र छात्राओं को मुफ्त स्कूटी दी जाएगी। सरकार ने इस वर्ष 50 हजार छात्राओं को योजना का लाभ देने का लक्ष्य तय किया है। इसके लिए बजट का प्रावधान पहले ही किया जा चुका है और अब स्कूटी खरीद की प्रक्रिया भी शुरू होने जा रही है। सरकार की ओर से सिर्फ स्कूटी ही नहीं, बल्कि हेलमेट, रजिस्ट्रेशन, बीमा और पेट्रोल जैसी जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि छात्राओं को किसी प्रकार का अतिरिक्त खर्च न उठाना पड़े। UP Scooty Scheme
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय के अनुसार, यह योजना सरकारी विश्वविद्यालयों, निजी विश्वविद्यालयों, संबद्ध महाविद्यालयों, सहायता प्राप्त (एडेड) और स्ववित्तपोषित कॉलेजों की छात्राओं पर लागू होगी। वर्ष 2025-26 में स्नातक उत्तीर्ण करने वाली प्रत्येक संस्थान की शीर्ष 5 प्रतिशत मेधावी छात्राओं को स्कूटी दी जाएगी। इसके लिए छात्रा का उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है। UP Scooty Scheme
सरकार केवल स्कूटी ही नहीं देगी, बल्कि उसे उपयोग के लिए पूरी तरह तैयार अवस्था में छात्राओं को सौंपेगी। योजना के तहत आईएसआई मार्क वाला हेलमेट, जरूरी एसेसरीज, पांच लीटर पेट्रोल, आरटीओ में वाहन का रजिस्ट्रेशन और बीमा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। इन सभी व्यवस्थाओं का खर्च राज्य सरकार उठाएगी, जिससे लाभार्थी छात्राओं पर किसी प्रकार का अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा। योजना का लाभ उन छात्राओं को दिया जाएगा, जिनके परिवार की वार्षिक आय 12 लाख रुपये या उससे कम है। वहीं, निराश्रित, दिव्यांग और शहीद परिवारों की बेटियों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। इन श्रेणियों की छात्राओं को प्राथमिकता के आधार पर स्कूटी दी जाएगी और उनके लिए मेरिट की शर्त लागू नहीं होगी। UP Scooty Scheme
सरकार ने इस योजना में इलेक्ट्रिक स्कूटी के बजाय पेट्रोल स्कूटी उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। उच्च शिक्षा मंत्री का कहना है कि प्रदेश के कई ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों में अभी चार्जिंग स्टेशन और इलेक्ट्रिक वाहनों की सर्विस सुविधाएं पर्याप्त नहीं हैं। ऐसे क्षेत्रों से बड़ी संख्या में छात्राएं पढ़ाई के लिए शहरों में आती हैं। इसलिए उनकी सुविधा और सुगमता को ध्यान में रखते हुए पेट्रोल स्कूटी देने का फैसला किया गया है। UP Scooty Scheme
राज्य सरकार का मानना है कि परिवहन की सुविधा मिलने से छात्राओं के लिए उच्च शिक्षा तक पहुंच आसान होगी। इससे पढ़ाई बीच में छोड़ने (ड्रॉपआउट) की समस्या कम होगी और महिलाओं को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने का बेहतर अवसर मिलेगा। सरकार जल्द ही GeM (गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस) पोर्टल के माध्यम से स्कूटी आपूर्ति करने वाली कंपनी का चयन करेगी। इसके बाद वितरण की प्रक्रिया शुरू करने की तारीख भी घोषित की जाएगी। UP Scooty Scheme
विज्ञापन