इस मीटिंग का मुख्य फोकस सभी फॉर्मेट में टीम इंडिया के लिए साफ–सुथरा रोडमैप तैयार करना, चयन प्रक्रिया में स्थिरता लाना और खिलाड़ियों व टीम मैनेजमेंट के बीच कम्युनिकेशन गैप को कम करना बताया जा रहा है।

BCCI High Level Meeting : दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 0–2 की करारी हार के बाद टीम इंडिया मैनेजमेंट और चयनकर्ताओं पर उठ रहे सवाल अब सीधे बोर्ड की टेबल तक पहुंच गए हैं। BCCI ने वनडे सीरीज के बीच ही एक हाई–लेवल मीटिंग बुलाने का फैसला लिया है, जिसमें कोच गौतम गंभीर और चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर भी मौजूद रहेंगे। माना जा रहा है कि इस बैठक में टेस्ट सीरीज की विफलता से लेकर टीम के भविष्य के रोडमैप तक, कई संवेदनशील मुद्दों पर खुलकर चर्चा होगी।
रांची में रविवार (30 नवंबर) को टीम इंडिया ने साउथ अफ्रीका को 17 रन से हराकर वनडे सीरीज में बढ़त जरूर बनाई, लेकिन रेड–बॉल क्रिकेट में मिल रही लगातार निराशाजनक नतीजों ने बीसीसीआई की चिंता कम नहीं होने दी है। इसी पृष्ठभूमि में 3 दिसंबर को रायपुर वनडे के दिन ही भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने अधिकारियों और टीम मैनेजमेंट की अहम बैठक तय की है। इस मीटिंग का मुख्य फोकस सभी फॉर्मेट में टीम इंडिया के लिए साफ–सुथरा रोडमैप तैयार करना, चयन प्रक्रिया में स्थिरता लाना और खिलाड़ियों व टीम मैनेजमेंट के बीच कम्युनिकेशन गैप को कम करना बताया जा रहा है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, बैठक में बीसीसीआई के सचिव देवजीत सैकिया, संयुक्त सचिव प्रभतेज सिंह भाटिया, टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर और मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर शामिल होंगे। यह अभी स्पष्ट नहीं है कि बोर्ड अध्यक्ष मिथुन मन्हास इस मीटिंग में मौजूद रहेंगे या नहीं। क्योंकि मीटिंग का दिन और समय दूसरे वनडे मैच के साथ ही तय किया गया है, ऐसे में उम्मीद यही है कि सीनियर खिलाड़ी इस चर्चा का हिस्सा नहीं बन पाएंगे। इसके बावजूद माना जा रहा है कि कई मुद्दों पर उनके रोल और भविष्य की योजना पर विस्तार से बात होगी।
बीसीसीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया गया है कि हाल के टेस्ट मैचों में मैदान के अंदर और बाहर दोनों स्तर पर रणनीतियों को लेकर जो भ्रम दिखा, उसने बोर्ड को गंभीर रूप से चिंतित किया है। अधिकारी के मुताबिक, घरेलू टेस्ट सीजन में कई ऐसे मौके आए जब टीम की प्लानिंग और निर्णय बिल्कुल स्पष्ट नहीं दिखे। इसी वजह से बोर्ड अब अगली टेस्ट सीरीज से पहले ही पूरी योजना को दुरुस्त करना चाहता है। लक्ष्य साफ है – चयन में निरंतरता, खिलाड़ियों को स्पष्ट रोल और टीम मैनेजमेंट की सोच में एकरूपता।
सूत्रों के मुताबिक बोर्ड यह समझ रहा है कि मौजूदा टीम मैनेजमेंट और सीनियर खिलाड़ियों के बीच संवाद की सहजता पहले जैसी नहीं रह गई है। रिपोर्ट में किसी खिलाड़ी का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया गया, लेकिन चर्चा लगातार इस बात की हो रही है कि विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे दो बड़े नाम और नई टीम मैनेजमेंट के बीच बातचीत की रफ्तार धीमी पड़ गई है।पिछले साल टी20 इंटरनेशनल से संन्यास लेने के बाद इस साल कोहली और रोहित ने टेस्ट क्रिकेट से भी विदाई ले ली। उनके अंतरराष्ट्रीय करियर के इस मोड़ के बाद से ही दोनों और टीम मैनेजमेंट के बीच कम्युनिकेशन गैप की खबरें समय–समय पर सामने आती रही हैं।
भारत अगले साल टी20 वर्ल्ड कप में बतौर डिफेंडिंग चैंपियन उतरेगा और 2027 में वनडे वर्ल्ड कप भी खेला जाना है। ऐसे में बीसीसीआई नहीं चाहता कि टीम के भीतर किसी भी तरह की अनिश्चितता या खींचतान बरकरार रहे। टेस्ट क्रिकेट की उलझी हुई रणनीतियां, आने वाले ICC टूर्नामेंट्स का दबाव और टीम के दो महान खिलाड़ियों के साथ संबंधों में जमी ठंडक ये सभी फैक्टर इस मीटिंग को बेहद अहम बना रहे हैं। BCCI High Level Meeting