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हाॅकी प्लेयर सुमित ने विश्व के लिए हुए तैयार, पोडियम स्थान प्राप्त करने का बनाया लक्ष्य

भुवनेश्वर, 19 नवंबर (भाषा) ओलंपिक कांस्य पदक विजेता मिडफील्डर सुमित ने कहा कि भारतीय पुरूष हॉकी टीम अगले साल जनवरी में होने वाले एफआईएच विश्व कप में पोडियम स्थान हासिल करने के लिये प्रतिबद्ध है क्योंकि पिछले चरण में क्वार्टरफाइनल में बाहर होने की निराशा अभी तक खिलाड़ियों को सालती है।

भुवनेश्वर ने 2018 विश्व कप की मेजबानी की थी और भारत को उप विजेता बनी नीदरलैंड से 1-2 से हारकर टूर्नामेंट से बाहर होना पड़ा था।

लेकिन भारतीय टीम को घरेलू दर्शकों के सामने शानदार प्रदर्शन करने का फिर मौका मिलेगा। भुवनेश्वर और राउरकेला अगले साल 13 से 29 जनवरी तक संयुक्त रूप से इसकी मेजबानी करेंगे।

सुमित ने कही ये बात

सुमित ने हॉकी इंडिया द्वारा शुरू की गयी ‘पोडकास्ट सीरीज’ ‘हॉकी ते चर्चा’ पर कहा, ‘‘मुझे अब भी 2018 हॉकी विश्व कप याद है जब हम क्वार्टरफाइनल में हार गये थे और जब भी मैं भुवनेश्वर जाता हूं तो मुझे उसी हार की याद आ जाती है। एफआईएच ओडिशा हॉकी पुरूष विश्व कप 2023 में हमारी टीम का लक्ष्य पोडियम पर रहना है। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमारा अभ्यास बहुत अच्छा चल रहा है। हमने एफआईएच प्रो लीग के सभी चारों मैचों में अच्छी हॉकी खेली, इसलिये हमारी तैयारियां सही दिशा में आगे बढ़ रही हैं। ’’

सुमित ने कहा कि भारत का आगामी आस्ट्रेलियाई दौरा भी विश्व कप की तैयारियों के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण है।

भारत इस समय पांचवीं रैंकिंग पर काबिज है और टीम 26 नवंबर से चार दिसंबर के बीच पांच मैचों की श्रृंखला में दुनिया की नंबर एक आस्ट्रेलियाई टीम से भिड़ेगी।

दौरे का दूसरा, तीसरा और चौथा मैच क्रमश: 27, 30 और तीन दिसंबर को खेला जायेगा।

सुमित ने कहा, ‘‘एआईएच विश्व कप से पहले आस्ट्रेलियाई दौरा काफी महत्वपूर्ण है। आस्ट्रेलिया काफी मजबूत टीम है, हमें उनसे अच्छी प्रतिस्पर्धा मिलेगी और बड़े टूर्नामेंट से पहले इतनी मजबूत टीम के खिलाफ खेलना हमारे लिये आत्मविश्वास बढ़ाने वाला होगा। ’’

टोक्यो ओलंपिक में जीता था कांस्य पदक

तोक्यो ओलंपिक में ऐतिहासिक कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय टीम के सदस्य सुमित भली भांति जानते हैं कि विश्व कप की टीम में जगह बनाने के लिये को उन्हें कड़ी प्रतिस्पर्धा मिलेगी।

उन्होंने कहा, ‘‘अगर मैं अच्छा खेला तो कोई भी मुझे विश्व कप के लिये भारतीय टीम में जाने से नहीं रोक सकता।’’

सुमित ने कहा, ‘‘मैं हमेशा मैदान पर जाकर अपना शत प्रतिशत देने के बारे में सोचता हूं। मैं हमेशा खुद से प्रतिस्पर्धा करता हूं और मानता हूं कि मुझे पिछले दिन से बेहतर होना होगा। मेरा काम कड़ी मेहनत करना है और चयन पूरी तरह से कोच और चयनकर्ताओं पर निर्भर करता है। ’’

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