
एशिया कप के बीच टीम इंडिया के स्पिनर वरुण चक्रवर्ती को करियर की सबसे बड़ी सौगात मिली। रहस्यमयी गेंदबाज़ी के दम पर उन्होंने आईसीसी टी20 रैंकिंग में दुनिया के नंबर-1 गेंदबाज़ का ताज अपने नाम कर लिया। खास बात यह है कि इस मुकाम तक पहुँचने वाले वे महज़ तीसरे भारतीय हैं। उनसे पहले जसप्रीत बुमराह और रवि बिश्नोई ही यह कमाल कर पाए थे। वरुण ने न्यूज़ीलैंड के जैकब डफी को पछाड़ा, जो 717 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए, जबकि चक्रवर्ती 733 अंकों के साथ शिखर पर जा पहुंचे। मौजूदा टॉप-15 में भारत के सिर्फ दो और गेंदबाज़ मौजूद हैं—रवि बिश्नोई (8वें नंबर) और अक्षर पटेल (12वें नंबर) पर मौजूद है। Varun Chakravarthy
34 वर्षीय तमिलनाडु के इस स्पिनर ने न्यूज़ीलैंड के जैकब डफी को पीछे छोड़कर यह गौरव हासिल किया। चक्रवर्ती को 733 रेटिंग अंक मिले हैं, जबकि डफी 717 अंकों के साथ दूसरे पायदान पर खिसक गए। रैंकिंग में फिलहाल भारत के केवल दो और गेंदबाज टॉप-15 में मौजूद हैं—रवि बिश्नोई आठवें और अक्षर पटेल 12वें स्थान पर हैं।
तमिलनाडु से आने वाले वरुण चक्रवर्ती के लिए यह उपलब्धि बेहद खास है। वरुण चक्रवर्ती का नंबर-1 बनना भारतीय क्रिकेट के लिए ही नहीं, तमिलनाडु के लिए भी ऐतिहासिक है। वे अपने राज्य से टी20 रैंकिंग में शिखर तक पहुँचने वाले पहले खिलाड़ी बने हैं। 34 वर्षीय इस ‘मिस्ट्री स्पिनर’ ने 2021 में टी20 इंटरनेशनल डेब्यू किया और अब तक खेले गए 20 मुकाबलों में 35 विकेट अपने नाम किए। उनकी किफ़ायती गेंदबाज़ी का अंदाज़ा इसी से लगाया जा सकता है कि उनका इकॉनमी रेट महज़ 6.83 है और वे दो बार पारी में पाँच विकेट झटक चुके हैं।
एशिया कप में टीम इंडिया के लिए वरुण चक्रवर्ती किसी गुप्त हथियार से कम नहीं साबित हो रहे हैं। दो मैचों में सिर्फ दो विकेट लेने के बावजूद उनका इकॉनमी रेट बेहतरीन रहा है, जो उनकी असली ताक़त को दर्शाता है। वरुण की खासियत यह है कि वे पावरप्ले की शुरुआती ओवरों से लेकर डेथ ओवर्स तक बल्लेबाज़ों को जकड़ने की काबिलियत रखते हैं। दुबई और अबू धाबी की स्पिन फ्रेंडली पिचों पर उनका जादू और घातक हो सकता है। हालांकि अभी तक कुलदीप यादव ने दो मैचों में सात विकेट झटककर चमक बिखेरी है, लेकिन सबकी निगाहें अब इस बात पर टिकी होंगी कि नंबर-1 वरुण चक्रवर्ती कब धमाकेदार प्रदर्शन से टूर्नामेंट में रंग जमाते हैं। Varun Chakravarthy