नोएडा में 50+ सोसायटियों पर बुलडोजर का खतरा, 39 बिल्डरों को नोटिस जारी
Noida News
भारत
चेतना मंच
16 Jul 2025 11:20 AM
Noida News : नोएडा प्राधिकरण ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सेक्टर-82 स्थित सलारपुर पुलिस चौकी के पीछे अवैध रूप से बन रही 50 से अधिक आवासीय सोसायटियों को ध्वस्त करने का आदेश दिया है। इस सिलसिले में 39 डेवेलपर्स को नोटिस जारी कर एक सप्ताह के भीतर निर्माण हटाने का अल्टीमेटम दिया गया है। तय समयसीमा में निर्माण न हटाने पर प्राधिकरण खुद कार्रवाई करेगा और खर्च भी बिल्डरों से ही वसूला जाएगा।
महर्षि आश्रम की जमीन पर बसा अवैध शहर
इन सोसायटियों का निर्माण प्राधिकरण की अधिसूचित और अर्जित भूमि पर किया जा रहा है जो नोएडा की जानी-मानी महर्षि आश्रम की जमीन का हिस्सा है। जानकारी के अनुसार, यहां 2018 से लगातार अवैध निर्माण हो रहा था। अब यह इलाका एक ‘नया शहर’ जैसा रूप ले चुका है।प्राधिकरण के सीईओ लोकेश एम ने इस पूरे मामले पर सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों से जवाब तलब किया और तत्काल कार्रवाई के आदेश दिए।
पुलिस बल के साथ पहुंची प्राधिकरण की टीम
प्राधिकरण की वर्क सर्किल-8 और भूलेख विभाग की संयुक्त टीम ने भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर निर्माण स्थलों पर नोटिस चस्पा किए। टीम का नेतृत्व वरिष्ठ प्रबंधक सतेंद्र गिरी और डिप्टी कलेक्टर शशि त्रिपाठी कर रहे थे। मौके पर मौजूद डेवलपर्स ने तीन घंटे तक विरोध किया, लेकिन पुलिस की मौजूदगी में कोई भी निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं हो सका।
कई खसरा नंबर संदेह के घेरे में
नोटिस में कहा गया है कि सभी डेवलपर्स अपने-अपने अवैध निर्माण को सात दिन के भीतर स्वयं ध्वस्त करें और इसका ब्यौरा प्राधिकरण को सौंपें। अन्यथा प्राधिकरण निर्माण को सील और ध्वस्त कर देगा जिसकी पूरी लागत बिल्डरों से वसूली जाएगी। प्राधिकरण के अनुसार, जिन खसरा नंबरों पर ये अवैध निर्माण हो रहा है, उनमें से कई को गैरकानूनी ढंग से किसानों के नाम दाखिल-खारिज कराया गया है। जिला प्रशासन इनकी भूलेखीय जांच कर रहा है। साथ ही प्राधिकरण ने आम लोगों से अपील की है कि इन जमीनों पर कोई भी प्रॉपर्टी डील न करें, अन्यथा उन्हें वित्तीय नुकसान उठाना पड़ सकता है।
किन खसरा नंबरों पर चल रहा है अवैध निर्माण?
प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि खसरा संख्या 723 से 753 के बीच की अधिसूचित भूमि पर ही यह अवैध निर्माण हुआ है। यह जमीन प्राधिकरण की अधिग्रहीत संपत्ति है और बिना स्वीकृत मानचित्र के कोई भी निर्माण पूर्ण रूप से अवैध है। इस सूची में कई निजी डेवलपर्स, कंपनियां और संस्थाएं जैसे-सुनील शर्मा, सलीम-शमीम, एनर्जी बिल्डिंग सॉल्यूशंस प्रा. लि., अरीना प्रॉपर्टी, महर्षि वेद विज्ञान विद्यापीठ, स्टूडेंट इंटरनेशनल मेडिटेशन सोसायटी, सिंहवाहिनी इंफ्राप्रोजेक्ट्स, एकता बिल्डर्स एंड इंजीनियर्स प्रा. लि. आदि के नाम शामिल हैं।
प्राधिकरण की सख्त अपील
प्राधिकरण ने एक बार फिर जनता को आगाह किया है कि किसी भी प्रलोभन में आकर इन अवैध सोसायटियों में निवेश न करें। ये निर्माण नक्शा पास कराए बिना, नियमों की अवहेलना करते हुए किए जा रहे हैं, जो भविष्य में कानूनी कार्रवाई और आर्थिक हानि का कारण बन सकते हैं। इस कार्रवाई से नोएडा में अवैध कॉलोनियों और डेवलपर्स पर प्राधिकरण की निगरानी सख्त हो गई है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में ऐसे और भी कई इलाकों पर कार्रवाई हो सकती है।