उत्तर प्रदेश की एटा पुलिस पर परिजनों ने बहुत की गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि उनके बेटे की हत्या कर पुलिस ने उसके शव को आत्महत्या दिखाने के लिए फेंक दिया है जबकि पुलिसकर्मियों ने हिरासत में लेकर उनके बेटे की हत्या को अंजाम दिया है।
UP News
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 02:30 AM
उत्तर प्रदेश की एटा पुलिस पर परिजनों ने बहुत की गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि उनके बेटे की हत्या कर पुलिस ने उसके शव को आत्महत्या दिखाने के लिए फेंक दिया है, जबकि पुलिसकर्मियों ने हिरासत में लेकर उनके बेटे की हत्या को अंजाम दिया है। मामले में एसएसपी ने पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर उनके खिलाफ हत्या की एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। एफआईआर दर्ज कर पुलिस जांच कर रही है। UP News
एसएसपी office पर शव रखकर परिजनों ने किया था हंगामा
बीते दिनों थाना निधौली कलां क्षेत्र में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उसका शव पास में ही खेत में पड़ा हुआ मिला था। सूचना मिलते ही सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण शव के पास पहुंच गए। उन्होंने पुलिस पर हत्या कर शव को फेंके जाने का आरोप लगाया था। जिसके बाद पीड़ित परिजनों के साथ ग्रामीण शव को लेकर एसएसपी आॅफिस पहुंच गए। वहां पर वह शव को गेट पर रखकर धरना देने लगे। हंगामा से ग्रामीण और पुलिस प्रशासन के बीच काफी देर तक रहा था तनावपूर्ण माहौल। परिजनों का आरोप था कि थाने में लाठी-डंडों और बेल्ट से बेरहमी से पीट-पीटकर 16 वर्षीय सत्यवीर सिंह की हत्या की गई थी।
पिता की शिकायत पर पांच पर दर्ज हुआ हत्या का केस
हंगामा बढ़ता देख एसएसपी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत की। परिजनों ने एसएसपी को बताया था कि पूछताछ के नाम पर घर से उनके नाबालिग बेटे सत्यवीर सिंह को पुलिस उठा लाई थी। अगले दिन सड़क किनारे उसकी लाश मिली थी। शव पर चोट के निशान थे। ऐसे में उन्होंने बताया कि उनके बेटे को हिरासत के दौरान पुलिसकर्मियों ने बेरहमी से पीटा। जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या को आत्महत्या दिखाने के लिए पुलिस ने शव खेत में फेंका। जिसके बाद एसएसपी ने थाना निधौली कलां के उपनिरीक्षक सुरेन्द्र सिंह यादव, आसिफ अली समेत 5 पुलिसकर्मियों पर हत्या का केस दर्ज कराया था। वही पुलिस व पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के अनुसार युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या की थी। UP News