बाजारशुक्ल के पाली जंगल में पुलिस ने कथित अवैध शस्त्र फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया। 16 तमंचे, कारतूस और हथियार बनाने के उपकरण बरामद, 2 गिरफ्तार।

UP News: उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले में पुलिस ने ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत अवैध शस्त्र बनाने वाली कथित फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। बाजारशुक्ल थाना क्षेत्र के पाली जंगल में पुलिस ने छापेमारी कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, मौके से 11 निर्मित और 5 अर्द्धनिर्मित तमंचों समेत कुल 16 अवैध हथियार बरामद किए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से जिंदा और खोखा कारतूस के साथ बड़ी मात्रा में शस्त्र बनाने के उपकरण भी बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी सुनसान स्थानों पर अवैध हथियार तैयार कर उन्हें लखनऊ और आसपास के जिलों में बेचते थे। पुलिस के मुताबिक, 23 सितंबर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि बाजारशुक्ल थाना क्षेत्र के पाली जंगल में कुछ लोग अवैध शस्त्र तैयार कर रहे हैं। सूचना मिलने के बाद क्षेत्राधिकारी मुसाफिरखाना अतुल कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई की। पुलिस टीम ने जंगल में बताए गए स्थान पर दबिश दी और मौके से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कौशल किशोर पुत्र गोपी, निवासी नवीपनाह, थाना माल, लखनऊ, उम्र करीब 30 वर्ष और छोटू पुत्र सुकरू, निवासी नवीपनाह, थाना माल, लखनऊ, उम्र करीब 21 वर्ष के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, तलाशी के दौरान मौके से 315 बोर के 9 तमंचे, 12 बोर के 2 तमंचे और 5 अर्द्धनिर्मित तमंचे बरामद किए गए। इस तरह कुल 16 अवैध शस्त्र पुलिस के हाथ लगे।
इसके अलावा पुलिस ने 4 जिंदा और 2 खोखा कारतूस बरामद करने की बात कही है। बरामद हथियारों और कारतूसों को पुलिस ने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस को मौके से हथियार बनाने में इस्तेमाल होने वाले कई उपकरण भी मिले। बरामद सामान में 52 रिपिट, 18 हैमर, 15 लोहे की नाल, 12 बट, 45 स्प्रिंग, 34 कील, 9 ट्रिगर और 5 फायरिंग पिन शामिल बताए गए हैं। इसके अलावा हथौड़ी, रेती, सड़सी, भट्टी, लोहे की पत्ती, रेगमार्क, प्लायर्स समेत अन्य सामान भी बरामद किया गया। पुलिस इन उपकरणों और बरामद हथियारों को मामले की जांच में शामिल कर रही है। UP News:
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि दोनों मिलकर सुनसान स्थानों पर अवैध हथियार तैयार करते थे और पकड़े जाने के डर से समय-समय पर अपना ठिकाना बदलते रहते थे। पुलिस का कहना है कि आरोपियों ने तैयार हथियारों को लखनऊ और आसपास के जिलों में बेचने की बात भी बताई है। अब पुलिस कथित अवैध हथियार नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और हथियारों की सप्लाई से संबंधित जानकारी जुटा रही है।
पुलिस ने मामले में मुकदमा अपराध संख्या 241/26 दर्ज किया है। आरोपियों के खिलाफ धारा 3/5/25 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई शुरू की गई है। इसके अलावा मौके से बरामद स्प्लेंडर मोटरसाइकिल के दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर मोटर वाहन अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की गई है। अवैध शस्त्र निर्माण के खिलाफ की गई इस कार्रवाई के बाद पुलिस अधीक्षक सरवणन टी. ने कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर अवैध हथियार बनाने और उनकी कथित बिक्री से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटा रही है। UP News:
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