Amrit Bharat Stations: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज 20 राज्यों के 75 अमृत भारत रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन करेंगे। जानिए किन राज्यों और किन स्टेशनों को मिला नया रूप, यात्रियों को कौन-कौन सी सुविधाएं मिलेंगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देश के 20 राज्यों में तैयार किए गए 75 पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन करेंगे। करीब 1,570 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किए गए इन स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है ताकि यात्रियों को बेहतर, सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिल सके। इस परियोजना में उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, पंजाब, गुजरात, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, केरल और कई अन्य राज्यों के रेलवे स्टेशन शामिल हैं।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत इन स्टेशनों को सिर्फ मरम्मत करके तैयार नहीं किया गया है बल्कि पूरी तरह नए स्वरूप में विकसित किया गया है। स्टेशन भवनों की डिजाइन इस तरह बनाई गई है कि वे अपने-अपने शहर की सांस्कृतिक पहचान, इतिहास और स्थानीय वास्तुकला को भी दर्शाएं। उत्तर प्रदेश के स्टेशनों में स्थानीय कला और विरासत की झलक देखने को मिलेगी जबकि राजस्थान, पंजाब और गुजरात जैसे राज्यों के स्टेशनों में भी वहां की सांस्कृतिक विशेषताओं को डिज़ाइन में शामिल किया गया है। इससे यात्रियों के साथ-साथ स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
नए अमृत भारत रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को पहले के मुकाबले कहीं बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। भारी सामान लेकर सीढ़ियां चढ़ने की परेशानी कम करने के लिए हाई-स्पीड एस्केलेटर और लिफ्ट लगाए गए हैं। इसके अलावा बड़े और आरामदायक प्रतीक्षालय, आधुनिक कैफेटेरिया, साफ-सुथरे शौचालय और बेहतर बैठने की व्यवस्था भी की गई है। यात्रियों की सुरक्षा के लिए पूरे स्टेशन परिसर में हाई-रिजॉल्यूशन सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। डिजिटल सूचना बोर्ड, दिव्यांग यात्रियों के लिए रैंप और विशेष शौचालय जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। स्टेशन परिसर को स्वच्छ और व्यवस्थित रखने के लिए सफाई व्यवस्था को भी पहले से ज्यादा मजबूत बनाया गया है।
इस परियोजना का सबसे बड़ा फायदा उन राज्यों को मिलेगा जहां बड़ी संख्या में रेलवे स्टेशन विकसित किए गए हैं। उत्तर प्रदेश में फतेहपुर, पनकी धाम, विंध्याचल, ऐशबाग जंक्शन, मोदीनगर, शामली और धामपुर जैसे स्टेशनों को नया स्वरूप मिला है। इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान, ओडिशा, गुजरात, पंजाब, केरल और पश्चिम बंगाल के कई महत्वपूर्ण स्टेशन भी इस परियोजना का हिस्सा हैं।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत कुछ स्टेशनों के पुनर्विकास पर सबसे अधिक राशि खर्च की गई है। राजस्थान का जैसलमेर रेलवे स्टेशन इस सूची में सबसे ऊपर है जहां लगभग 140 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। इसके बाद पंजाब का जालंधर कैंट स्टेशन, गुजरात का प्रतापनगर स्टेशन, उत्तर प्रदेश का फतेहपुर स्टेशन, हरियाणा का कालका स्टेशन और पश्चिम बंगाल का जलपाईगुड़ी रोड स्टेशन शामिल हैं। इन स्टेशनों को अत्याधुनिक सुविधाओं के साथ नए स्वरूप में तैयार किया गया है।
सरकार का कहना है कि अमृत भारत स्टेशन योजना का मकसद केवल स्टेशन की इमारत बदलना नहीं है बल्कि यात्रियों के पूरे यात्रा अनुभव को बेहतर बनाना है। आधुनिक सुविधाओं, बेहतर सुरक्षा, आसान आवाजाही और साफ-सुथरे वातावरण के कारण यात्रियों को अब पहले की तुलना में अधिक सुविधा मिलेगी। आने वाले समय में इस योजना के तहत देश के अन्य रेलवे स्टेशनों का भी चरणबद्ध तरीके से पुनर्विकास किया जाएगा।
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