UP News: बलिया के बेल्थरा रोड क्षेत्र में एक पालतू लैब्राडोर कुत्ते टॉमी ने अपने मालिक के परिवार को जहरीले कोबरा से बचाने के लिए अपनी जान तक दांव पर लगा दी।

उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने इंसान और जानवर के बीच भरोसे और वफादारी की मिसाल पेश कर दी है। बलिया के बेल्थरा रोड क्षेत्र में एक पालतू लैब्राडोर कुत्ते टॉमी ने अपने मालिक के परिवार को जहरीले कोबरा से बचाने के लिए अपनी जान तक दांव पर लगा दी। रात के अंधेरे में जब घर में सभी लोग सो रहे थे तभी एक खतरनाक कोबरा घर में घुसने की कोशिश करने लगा। खतरे को भांपते ही 9 साल के टॉमी ने पहले परिवार को सतर्क किया और फिर बिना अपनी जान की परवाह किए सांप से भिड़ गया। करीब एक घंटे तक चली इस लड़ाई में टॉमी ने कोबरा को तो मार गिराया लेकिन खुद भी जहरीले डंस का शिकार हो गया और कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई।
जानकारी के मुताबिक, यह घटना बलिया जिले के उभांव थाना क्षेत्र के बेल्थरा रोड इलाके की है। बताया जा रहा है कि दानिश भट्ठा वाले के घर में देर रात एक जहरीला कोबरा पहुंच गया था। उस समय परिवार के सदस्य घर के अंदर मौजूद थे और उन्हें इस खतरे का अंदाजा तक नहीं था। घर के पालतू कुत्ते टॉमी ने जैसे ही सांप को देखा वह जोर-जोर से भौंकने लगा। उसकी आवाज सुनकर परिवार के लोग सतर्क हुए। इसके बाद टॉमी ने कोबरा को घर से दूर रखने के लिए उस पर हमला कर दिया।
कोबरा और टॉमी के बीच काफी देर तक संघर्ष चलता रहा। जहरीला सांप लगातार टॉमी पर हमला करता रहा लेकिन टॉमी पीछे नहीं हटा। उसने पूरी ताकत से कोबरा को पकड़े रखा और आखिरकार उसे मार गिराया। परिवार के सदस्यों के मुताबिक, टॉमी ने अपनी जान की परवाह किए बिना घर की सुरक्षा को प्राथमिकता दी। उसकी बहादुरी देखकर सभी लोग हैरान रह गए।
इस पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है जिसमें टॉमी और कोबरा के बीच चल रही लड़ाई दिखाई दे रही है। परिवार के लोग इस घटना को देखकर डर गए थे लेकिन टॉमी लगातार सांप का सामना करता रहा। वीडियो सामने आने के बाद टॉमी की बहादुरी की चर्चा पूरे इलाके में होने लगी। सोशल मीडिया पर भी लोग इस वफादार कुत्ते को सलाम कर रहे हैं।
टॉमी ने कोबरा को तो खत्म कर दिया लेकिन इस दौरान वह कई बार सांप के जहरीले डंस का शिकार हो गया था। सांप के जहर का असर धीरे-धीरे उसके शरीर में फैल गया। बताया जा रहा है कि कोबरा को मारने के करीब 30 मिनट बाद ही टॉमी ने दम तोड़ दिया। उसकी मौत से परिवार के लोग बेहद दुखी हैं क्योंकि वह पिछले 9 सालों से उनके परिवार का हिस्सा था और हमेशा घर की रखवाली करता था।
टॉमी की मौत के बाद परिवार ने उसे नम आंखों से अंतिम विदाई दी। परिजनों ने बताया कि टॉमी सिर्फ एक पालतू जानवर नहीं था बल्कि परिवार के सदस्य की तरह था। स्थानीय लोगों ने भी टॉमी की बहादुरी की सराहना की और कहा कि उसने अपनी जान देकर परिवार को एक बड़े खतरे से बचा लिया। उसकी वफादारी और साहस की कहानी अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है।
विज्ञापन