संगम के मध्य एक फ्लोटिंग जेटी (तैरता हुआ घाट) तैयार किया गया था, जिससे श्रद्धालुओं और मुख्यमंत्री के लिए गंगा पूजन एवं स्नान की प्रक्रिया में किसी भी तरह की बाधा न आए।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को पवित्र संगम नगरी प्रयागराज का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने संगम पर गंगा पूजन कर प्रदेश की समृद्धि और जनता की मंगलकामना की। इसके साथ ही उन्होंने आगामी माघ मेले की तैयारियों का विस्तृत निरीक्षण किया और अधिकारियों से व्यवस्था संबंधी जानकारी ली।
मुख्यमंत्री योगी सुबह 10:30 बजे प्रयागराज पहुंचे। उनके आगमन पर प्रशासन की ओर से विशेष इंतजाम किए गए थे। संगम के मध्य एक फ्लोटिंग जेटी (तैरता हुआ घाट) तैयार किया गया था, जिससे श्रद्धालुओं और मुख्यमंत्री के लिए गंगा पूजन एवं स्नान की प्रक्रिया में किसी भी तरह की बाधा न आए। सीएम योगी ने यहां परंपरागत विधि-विधान से पूजा की और प्रदेश की खुशहाली, शांति और जनकल्याण के लिए प्रार्थना की।
पूजा-अर्चना के बाद मुख्यमंत्री ने माघ मेला क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों के साथ बैठक कर निम्न बिंदुओं पर विशेष रूप से निर्देश दिए। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने पर जोर दिया। मेला परिसर में स्वच्छता और सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। यातायात एवं भीड़ प्रबंधन के लिए पर्याप्त व्यवस्था की जाए। श्रद्धालुओं के लिए शौचालय, जलापूर्ति, चिकित्सा सुविधाएं, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। किसी प्रकार की लापरवाही न होने की सख्त हिदायत दी गई है। सीएम योगी ने कहा कि माघ मेला उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान का एक महत्वपूर्ण पर्व है, इसलिए इसे भव्य और सुगठित तरीके से संपन्न कराना सरकार की प्राथमिकता है।
प्रयागराज प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री विधायक हर्षवर्धन वाजपेई के आवास पर भी पहुंचे। यहां उन्होंने पवनसुत हनुमान जी की नई मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा में भाग लिया। इस धार्मिक समारोह में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में स्थानीय भक्तों ने हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री के आगमन से वातावरण उल्लास और भक्ति से भर उठा।