
Daroga Bharti : लखनऊ: समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने भारतीय जनता पार्टी पर दरोगा भर्ती में धांधली का आरोप लगाया है। बुधवार को सपा कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि 2020 और 2021 में दरोगा भर्ती में 15 लाख रुपए लेकर पेपर करवाया गया है। वहीं ब्लैक लिस्टेड भर्ती एजेंसी कंपनी से परीक्षा कराई गई। बता दें कि इस दौरान उनके साथ तमाम अभ्यर्थी भी मौजूद रहे। आरोप है कि बीजेपी ने पैसा लेकर अभ्यर्थियों को बायोमैट्रिक लगाए बगैर पेपर करवाया गया है। इसलिए सपा इस परीक्षा को निरस्त करने की मांग कर रही है।
SC-ST की जगह सामान्य अभ्यर्थियों का हुआ चयन
नरेश उत्तम ने कहा कि यूपी के 10 परीक्षा केंद्रों पर नकल कराई गई। एससी, एसटी के स्थान पर सामान्य परीक्षार्थियों का चयन हुआ है। इसीलिए यह पूरा मामला हाईकोर्ट में निर्णय के लिए लम्बित है। वहीं निर्णय की प्रतीक्षा न करके सरकार भर्ती की कार्रवाई को आगे बढ़ा रही है। वहीं सपा विधायक सचिन यादव ने कहा कि मामला कोर्ट में चल रहा है लेकिन भर्ती निरस्त ना करके रिजल्ट घोषित कर दिया गया। बायोमेट्रिक एग्जाम से पहले होती है लेकिन व्यक्ति दूसरा उसकी जगह पर पर दे रहा है। 40 प्रश्नों का उत्तर महज 15 सैकेंड में दे दिया गया 23 प्रश्नों का उत्तर 5 सेकंड में दे दिया गया। 60 प्रश्नों का उत्तर 59 सैकेंड में ही दे दिया गया।
हाईकोर्ट ने जारी किया था नोटिस
बता दें कि यूपी के डेढ़ दर्जन से अधिक जिलों के दर्जनों अभ्यर्थियों ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर दरोगा भर्ती प्लाटून कमांडर पीएसी एवं अग्निशमन द्वितीय अधिकारी के पदों पर सीधी भर्ती 2020- 21 के चयन में धांधली व अनियमितताओं का आरोप लगाया था। वहीं इस भर्ती प्रक्रिया को चुनौती भी दी थी। हाईकोर्ट ने इस याचिका पर उत्तर प्रदेश के आला पुलिस अधिकारियों से जवाब मांगा था। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड के चेयरमैन व परीक्षा कराने वाली कार्यदायी संस्था नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनएसएआईटी) को भी नोटिस जारी कर जवाब तलब किया था।