शिक्षक के पुत्र और पुत्री ने डीआईओएस उपेंद्र कुमार पर 25 लाख रुपये घूस लेने और वेतन भुगतान रोकने का आरोप लगाया। अंजुमन इस्लामिया उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, दौना लालगंज को 2002 में सरकारी अनुदान में शामिल किया गया था। इस दौरान तीन पुराने शिक्षक बदलकर नए शिक्षक नियुक्त किए गए।

UP News : उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में शिक्षक परिवार और जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय के बीच विवाद ने नया रूप ले लिया है। शिक्षक के पुत्र और पुत्री ने डीआईओएस उपेंद्र कुमार पर 25 लाख रुपये घूस लेने और वेतन भुगतान रोकने का आरोप लगाया।
अंजुमन इस्लामिया उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, दौना लालगंज को 2002 में सरकारी अनुदान में शामिल किया गया था। इस दौरान तीन पुराने शिक्षक बदलकर नए शिक्षक नियुक्त किए गए। इस बदलाव को लेकर विवाद कोर्ट तक पहुंचा और कोर्ट ने शिक्षक का वेतन रोक दिया।
* 2016 में कोर्ट ने शिक्षक के पक्ष में फैसला सुनाया।
* 2024 में न्यायालय ने फिर से शिक्षक के पक्ष में आदेश दिया कि उनके वेतन का भुगतान किया जाए।
* इसके बाद शिक्षक परिवार ने डीआईओएस उपेंद्र कुमार से वेतन भुगतान के लिए प्रार्थना पत्र दिया।
* आरोप है कि इस प्रक्रिया में डीआईओएस ने 25 लाख रुपये घूस के रूप में लिए और वेतन भुगतान शुरू किया।
* बाद में डीआईओएस ने अतिरिक्त 17 लाख रुपये की मांग की, और वेतन रोक दिया।
* उपेंद्र कुमार एक महीने के लिए अवकाश पर चले गए, तब डीआईओएस का प्रभार संभाल रहे वीरेंद्र प्रताप सिंह ने वेतन भुगतान जारी किया।
* उपेंद्र कुमार के लौटने पर वेतन फिर अवरुद्ध कर दिया गया।
* इससे नाराज शिक्षक के पुत्र और पुत्री ने संयुक्त शिक्षा निदेशक कार्यालय में हंगामा किया, जहां दोनों पक्ष मौजूद थे।
संयुक्त शिक्षा निदेशक नवल किशोर ने बताया कि पीड़ित पक्ष की शिकायत पर मामले की जांच की जाएगी। दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। डीआईओएस उपेंद्र कुमार ने कहा कि कोर्ट के आदेश और परिषद के मार्गदर्शन के तहत वेतन अवरुद्ध था। मुझ पर लगे पैसे लेने के आरोप निराधार हैं।