हाथरस के सादाबाद में खेत के अंदर ट्रैक्टर के कल्टीवेटर के नीचे किसान महिपाल सिंह का शव मिलने से सनसनी फैल गई। घटनास्थल पर डंडा और लोहे की सरिया मिलने के बाद परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है।

UP News : उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले के सादाबाद क्षेत्र में शनिवार सुबह खेत में किसान का शव मिलने से सनसनी फैल गई। ग्राम पंचायत घूंचा स्थित खेत में करीब 58 वर्षीय किसान महिपाल सिंह का शव ट्रैक्टर में लगे कल्टीवेटर के नीचे पड़ा मिला। घटनास्थल पर डंडा और लोहे की सरिया मिलने के बाद परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। शुरुआती जानकारी में जमीन को लेकर चल रहे पारिवारिक विवाद का मामला सामने आया है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। जानकारी के मुताबिक, सादाबाद कोतवाली क्षेत्र के गांव नगला मोहनलाल निवासी महिपाल सिंह का शव शनिवार सुबह करीब सात बजे ग्राम पंचायत घूंचा स्थित एक खेत में मिला। शव ट्रैक्टर में लगे कल्टीवेटर के नीचे औंधे मुंह पड़ा था। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ ही देर में बड़ी संख्या में ग्रामीण भी घटनास्थल पर जमा हो गए। मौके की स्थिति को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू कर दी।
परिजनों के अनुसार, महिपाल सिंह ने करीब आठ महीने पहले अपने छोटे भाई जंगजीत की पुत्रवधू नीता से ग्राम पंचायत घूंचा में लगभग सवा बीघा जमीन खरीदी थी। इसी जमीन को लेकर दोनों परिवारों के बीच विवाद चल रहा था। परिजनों का आरोप है कि दो दिन पहले जंगजीत के परिवार से जुड़े लोगों ने विवादित खेत में जुताई कर सरसों की बुवाई कर दी थी। इसके बाद जमीन को लेकर तनाव और बढ़ गया था।
बताया गया है कि शनिवार तड़के करीब तीन बजे महिपाल सिंह ट्रैक्टर लेकर खेत पर पहुंचे और दोबारा जुताई शुरू कर दी। इसी दौरान उनके साथ किसी तरह की घटना होने की आशंका जताई जा रही है। परिजनों के मुताबिक, आशंका है कि हमले से बचने के लिए महिपाल सिंह ट्रैक्टर लेकर वहां से निकलने का प्रयास कर रहे थे। ट्रैक्टर कच्ची सड़क पार करते हुए दूसरे खेत में पहुंच गया। बाद में इसी ट्रैक्टर के कल्टीवेटर के नीचे उनका शव पड़ा मिला। हालांकि, घटनाक्रम वास्तव में किस तरह हुआ और किसान की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसकी पुष्टि पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी। UP News :
घटना के बाद मृतक के पुत्रों ने परिवार के ही कुछ लोगों पर हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। परिजनों की मांग पर पुलिस ने फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से फिंगरप्रिंट और अन्य संभावित साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच शुरू कर दी है। पुलिस फिलहाल यह पता लगाने में जुटी है कि किसान की मौत दुर्घटना में हुई या इसके पीछे किसी आपराधिक घटना की भूमिका है। जमीन विवाद समेत अन्य संभावित कारणों को भी जांच के दायरे में रखा गया है। UP News :
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