उत्तर प्रदेश के इस शहर में उड़ा था पहला प्लेन, 90% लोग नहीं जानते होंगे
भारत
चेतना मंच
31 Aug 2025 12:44 PM
ज्यादार लोगों के दिमाग में यह सवाल होता है कि आखिर देश में पहली बार हवाई जहाज ने कहां उड़ान भरी थी। अगर हम आपसे यह सवाल करें तो आपका क्या जवाब होगा? ज्यादातर लोग इस सवाल का जवाब नहीं जानते अगर आप भी उन्हीं में से एक हैं तो आपको घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि आज हम आपको बताएंगे कि भारत में पहली बार हवाई जहाज कहां उड़ा था? India's First Flight
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में उड़ा था पहला हवाई जहाज
भारत में पहला हवाई जहाज 18 फरवरी 1911 को इलाहाबाद (अब प्रयागराज) में उड़ान भरा था। यह ऐतिहासिक उड़ान थी क्योंकि इसने भारत के हवाई परिवहन के नए युग की शुरुआत की। यह हम्बर्ट बायप्लेन था जिसने 6 मील (9.6 किलोमीटर) की दूरी मात्र 13 मिनट में तय की। इस उड़ान में पायलट हेनरी पिकक्वेट ने 6,500 पत्रों के साथ पहली एयरमेल सेवा की शुरुआत की।
इतिहास रचने वाला विमान
यह हम्बर्ट बायप्लेन भारतीय आकाश में उड़ा, जो उस समय की एक अत्याधुनिक तकनीक थी। हालांकि इसकी गति बहुत धीमी थी लगभग 64 से 72 किमी/घंटा, लेकिन यह उड़ान भारतीय हवाई यात्रा के इतिहास में मील का पत्थर बन गई। उस समय की ट्रैवलिंग सुविधाओं को देखते हुए यह विमान अपनी गति में सड़कों से भी धीमा था लेकिन इसके द्वारा की गई यह पहली उड़ान इतिहास में हमेशा के लिए दर्ज हो गई।
पहली वाणिज्यिक एयरमेल सेवा की शुरुआत
इस उड़ान ने भारत में एयरमेल सेवा की शुरुआत की जहां पायलट हेनरी पिकक्वेट ने 6,500 पत्रों को उड़ाया। यह उड़ान इलाहाबाद के पोलो ग्राउंड से शुरू हुई और नैनी जंक्शन पर समाप्त हुई। इसका उद्देश्य वाणिज्यिक एयरमेल सेवा को प्रस्तुत करना था, जो भारतीय हवाई यातायात के लिए एक महत्वपूर्ण कदम था।
हवाई जहाज का भारत में आगमन
ब्रिटिश और कॉलोनियल एयरप्लेन कंपनी ने इस विमान को भारत में 1911 में उत्तर प्रदेश प्रदर्शनी और प्रयागराज में कुंभ मेले के दौरान प्रदर्शित करने के लिए भेजा था। विमान को समुद्र के रास्ते 100 से ज्यादा पार्सल में भेजा गया, जिन्हें ब्रिटिश इंजीनियरों ने बड़ी मेहनत से जोड़ा। इस ऐतिहासिक घटना को देखने के लिए लगभग एक लाख लोग उमड़े थे।
विमान की विशेषताएं और फीचर्स
हम्बर्ट बायप्लेन में दो सीटें थीं, लेकिन उस दिन केवल पायलट ने उड़ान भरी। इस विमान के 50 हॉर्सपावर वाले पिस्टन इंजन ने इसे उड़ने के योग्य बनाया था। इसका ईंधन टैंक 30 से 50 लीटर विमानन-ग्रेड पेट्रोल से भरा गया था जो 13 मिनट की यात्रा के लिए पर्याप्त था।
भारत के हवाई इतिहास की नींव
यह हवाई यात्रा सिर्फ एक उड़ान नहीं थी, बल्कि भारत के हवाई यातायात के भविष्य का संकेत था। भारत की पहली चार्टर्ड यात्री उड़ान 15 अक्टूबर 1932 को हुई थी, जब जे.आर.डी. टाटा ने टाटा एयरलाइंस की पहली यात्रा की थी। इसके बाद, भारत ने कई महत्वपूर्ण हवाई यात्रा मीलों को पार किया, जैसे कि 8 जून 1948 को भारत की पहली अंतर्राष्ट्रीय उड़ान, जिसमें एयर इंडिया ने मुंबई से लंदन तक यात्रियों को सुरक्षित पहुंचाया। India's First Flight