नारी शक्ति की बुलंद उड़ान, CRPF में चमक रहीं उत्तर प्रदेश की बेटियां
उत्तर प्रदेश
RP Raghuvanshi
01 Dec 2025 01:48 PM
उत्तर प्रदेश
RP Raghuvanshi
01 Dec 2025 01:48 PM
देश की सुरक्षा व्यवस्था में अब महिलाएं सिर्फ भागीदार नहीं बल्कि अगुवा बन चुकी हैं। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी इसी बदलाव की गवाही देती है और इस बदलाव में उत्तर प्रदेश की बेटियां सबसे आगे हैं। CRPF
एक समय था जब अर्धसैनिक बलों में महिलाओं की मौजूदगी नाममात्र थी लेकिन अब परिस्थितियां बदल चुकी हैं। CRPF आज भारत का एकमात्र अर्धसैनिक बल है जिसके पास पाँच पूर्ण महिला बटालियन हैं। इस बदलाव की शुरुआत 1987 में हुई जब मेरठ में हुए दंगों पर नियंत्रण के लिए 88 महिला बटालियन को पहली बार मैदान में उतारा गया। मेरठ में इन महिला जवानों की कार्यक्षमता इतनी प्रभावशाली रही कि जल्द ही इन्हें श्रीलंका के शांति मिशन में भी भेजा गया, जहां उन्होंने सफलता के झंडे गाड़े।
गणतंत्र दिवस पर नारी शक्ति का ऐतिहासिक प्रदर्शन
2025 में गणतंत्र दिवस के मौके पर CRPF की पूरी तरह महिला टुकड़ी ने पहली बार कर्तव्यपथ पर कदमताल कर इतिहास रच दिया। इस टुकड़ी का नेतृत्व कर रहीं असिस्टेंट कमांडेंट ऐश्वर्या जोय ने न केवल परेड का नेतृत्व किया, बल्कि देश को यह भी दिखा दिया कि महिला बल अनुशासन, ताक़त और नेतृत्व में किसी से कम नहीं। उत्तर प्रदेश की कई बेटियों ने इस दल का हिस्सा बनकर प्रदेश का नाम रोशन किया।
CoBRA कमांडो बनीं बेटियां
फरवरी 2023 में CRPF ने एक नया अध्याय जोड़ा 34 महिला कमांडो को अपनी प्रतिष्ठित CoBRA यूनिट (Commando Battalion for Resolute Action) में शामिल किया गया। इन महिलाओं ने बेहद कठिन प्रशिक्षण और शारीरिक-मानसिक चुनौतियों को पार कर यह गौरव हासिल किया। इनमें उत्तर प्रदेश की कई बहादुर बेटियां भी शामिल हैं जो अब नक्सल-प्रभावित क्षेत्रों में साहस और सूझबूझ से अभियान चला रही हैं।
नारी शक्ति का संदेश लेकर निकली बाइक राइडर्स
अक्टूबर 2023 में CRPF की महिला बाइकर्स टीम ‘यशस्विनी’ ने 3291 किलोमीटर का प्रेरणादायक सफर तय कर लखनऊ में भव्य समापन किया। इस रैली में उत्तर प्रदेश की महिला जवानों ने भी भाग लिया, जिन्होंने अपने साहस, आत्मविश्वास और संदेश से हर शहर और गांव में नारी सशक्तीकरण की अलख जगाई। उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने इस रैली का स्वागत करते हुए कहा, "देश की ये बेटियां अब पीछे नहीं सबसे आगे हैं।"
नेतृत्व में भी महिलाओं की दमदार मौजूदगी
CRPF में महिलाएं सिर्फ जवान नहीं, अब नेतृत्व की कमान भी संभाल रही हैं। IPS चारु सिन्हा देश की पहली महिला अधिकारी बनीं जिन्होंने कश्मीर में CRPF सेक्टर की कमान संभाली। वहीं सीमा धुंडिया और एनी अब्राहम को हाल ही में महानिरीक्षक (IG) के पद पर पदोन्नति दी गई जो महिला अधिकारियों के लिए मील का पत्थर है।उत्तर प्रदेश की कई लड़कियां आज CRPF में अफसर बनने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं, जिन्हें सरकार की 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' योजना, स्थायी कमीशन और ट्रेनिंग प्रोत्साहनों से नया हौसला मिला है।
प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में भी सामाजिक सोच में बड़ा बदलाव देखा जा रहा है। अब माता-पिता अपनी बेटियों को वर्दी पहनने और देशसेवा के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में CRPF और अन्य बलों में उत्तर प्रदेश की और भी बेटियां देश के सुरक्षा ढांचे का अहम हिस्सा बनेंगी। स्वतंत्रता दिवस के इस पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश को अपने उन वीरांगनाओं पर गर्व है, जो न केवल देश की रक्षा कर रही हैं, बल्कि महिला सशक्तीकरण की जीवंत मिसाल भी बन चुकी हैं। आज की यह नारी शक्ति सिर्फ वर्दी नहीं, पूरे देश की उम्मीद और प्रेरणा है। CRPF