कोर्ट ने 17 दिसंबर 2024 के अपने फैसले को बरकरार रखते हुए, छह हफ्तों के भीतर ध्वस्तीकरण पूरी करने और रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है। व्यापारी अभी आदेश का इंतजार कर रहे हैं और अपनी अगली रणनीति तैयार करने में व्यस्त हैं।

UP News : मेरठ के सेंट्रल मार्केट में अवैध निर्माण को लेकर सुप्रीम कोर्ट के कड़े आदेश के बाद आवास एवं विकास परिषद ने नोटिस जारी करने की तैयारी शुरू कर दी है। कोर्ट ने 17 दिसंबर 2024 के अपने फैसले को बरकरार रखते हुए, छह हफ्तों के भीतर ध्वस्तीकरण पूरी करने और रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है। व्यापारी अभी आदेश का इंतजार कर रहे हैं और अपनी अगली रणनीति तैयार करने में व्यस्त हैं। व्यापारियों का कहना है कि कोर्ट के आदेश पढ़ने के बाद ही वे यह तय करेंगे कि व्यापार को कैसे सुरक्षित रखा जाए।
भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक विनीत शारदा अग्रवाल ने कहा कि प्रभावित व्यापारियों के पुनर्स्थापन के प्रयास किए जा रहे हैं और पार्टी नेतृत्व से मदद लेने की योजना है। इस मामले की शुरुआत आरटीआई कार्यकर्ता लोकेश खुराना की अवमानना याचिका से हुई थी, जिसमें कोर्ट ने अवैध निमार्णों के खिलाफ तेजी से कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। अधिकारियों ने सुप्रीम कोर्ट से जुड़े होने के कारण इस मामले पर कोई टिप्पणी करने से इनकार किया है।
मेरठ के व्यापारी अभी सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार कर रहे हैं और अपनी अगली रणनीति तैयार करने में व्यस्त हैं। व्यापारियों का कहना है कि कोर्ट के आदेश पढ़ने के बाद ही वे यह तय करेंगे कि व्यापार को कैसे सुरक्षित रखा जाए। इसलिए वे वेट एण्ड वाच की पालिसी अपना रहे हैं। वैसे इस आदेश की बात सुनते ही व्यापारियों में हड़कंप मच गया है।