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इस नेटवर्क से जुड़े ठगों से जब पूछताछ की गई तो उत्तर प्रदेश पुलिस दंग रह गई। अवैध वसूली के धंधे में शामिल ठगों ने उत्तर प्रदेश पुलिस को बताया कि वे ‘‘पोर्न फिल्म’’ देखने वाले लोगों को नंगा होने का डर दिखाकर उनसे मनमाना धन वसूल करने का पूरा नेटवर्क चला रहे थे।

UP News : उत्तर प्रदेश पुलिस ने अवैध रूप से वसूली करने वाले एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। इस नेटवर्क से जुड़े ठगों से जब पूछताछ की गई तो उत्तर प्रदेश पुलिस दंग रह गई। अवैध वसूली के धंधे में शामिल ठगों ने उत्तर प्रदेश पुलिस को बताया कि वे ‘‘पोर्न फिल्म’’ देखने वाले लोगों को नंगा होने का डर दिखाकर उनसे मनमाना धन वसूल करने का पूरा नेटवर्क चला रहे थे। नेटवर्क में शामिल ठग उत्तर प्रदेश पुलिस के फर्जी अधिकारी बनकर यह धंधा कर रहे थे। UP News
साइबर ठगों का सबसे बड़ा गढ़ झारखंड में है। झारखंड में स्थित जामताड़ा जिले को साइबर ठगी का सबसे बड़ा केन्द्र माना जाता है। उत्तर प्रदेश के कानपुर में भी इसी प्रकार का एक ‘‘जामताड़ा” बना लिया गया था। कानपुर की पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाकर इस ‘‘जामताड़ा” का पूरा नेटवर्क उजागर कर दिया है। उत्तर प्रदेश पुलिस के प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर प्रदेश के कानपुर में साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है. कमिश्नरेट पुलिस ने ऐसे गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो खेतों में बैठकर देशभर के लोगों को फोन के जरिए निशाना बना रहा था. खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों से अवैध वसूली करने वाले आठ शातिर अपराधी गिरफ्तार किए गए हैं। उत्तर प्रदेश के प्रवक्ता ने आगे बताया कि सचेंडी थाना क्षेत्र पुलिस और साइबर क्राइम सेल की संयुक्त कार्रवाई में पकड़े गए आरोपियों पर आरोप है कि वे लोगों को चाइल्ड पोर्नोग्राफी देखने के नाम पर डराते-धमकाते थे। गिरोह के सदस्य खुद को पुलिस अधिकारी बताकर कॉल करते और केस दर्ज होने का डर दिखाकर मोटी रकम की मांग करते थे। UP News
पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी ‘प्रतिबिंब पोर्टल’और ‘एनसीआरपी पोर्टल’ पर दर्ज शिकायतों और डेटा के आधार पर लोगों की जानकारी जुटाते थे। इसके बाद उन्हें फोन कर कानूनी कार्रवाई का डर दिखाया जाता था। उन्हें कहा जाता था कि तुम्हें तुम्हारे परिवार तथा समाज के सामने नंगा कर देंगे। डरे हुए लोगों से मामला रफा-दफा करने के नाम पर वसूली की जाती थी। जांच के दौरान यह भी पता चला कि इस साइबर गिरोह के तार मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड समेत कई राज्यों से जुड़े हुए हैं। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और पोर्टल पर दर्ज शिकायतों के आधार पर आरोपियों को ट्रेस कर गिरफ्तार किया। UP News
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