सांसद पर बेहूदी टिप्पणी करने वाला करणी नेता गायब, पुलिस की छापेमारी जारी
Uttar Pradesh Samachar
भारत
चेतना मंच
22 Jul 2025 11:23 AM
Uttar Pradesh Samachar: समाजवादी पार्टी की युवा सांसद इकरा हसन पर आपत्तिजनक टिप्पणी और निकाह की ख्वाहिश जताने वाले करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ठाकुर योगेंद्र राणा पर मुकदमा दर्ज होने के बाद से ही वह फरार हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उनका मोबाइल फोन स्विच ऑफ है और लोकेशन ट्रेस नहीं हो पा रही है। उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तराखंड तक कई जिलों में छापेमारी की जा रही है लेकिन अब तक कोई सुराग नहीं मिला। इस बीच समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस मामले पर मोर्चा खोल दिया है। सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक विरोध दर्ज कराया जा रहा है और राणा की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की जा रही है।
सोशल मीडिया पर भेजा था शादी का प्रस्ताव
कुछ दिन पहले ठाकुर योगेंद्र राणा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने कैराना से सपा सांसद इकरा हसन से निकाह करने की इच्छा जताई। इतना ही नहीं, उन्होंने एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी और उनके भाई अकबरुद्दीन ओवैसी पर भी विवादित टिप्पणी की। राणा ने कहा कि उन्हें अच्छा लगेगा जब ओवैसी उन्हें जीजा कहेंगे। यह वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हुआ और राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई। मामला तूल पकड़ते ही मुरादाबाद की निवासी सुनीता नामक महिला ने कटघर थाने में तहरीर देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की।
राणा के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज
पुलिस ने राणा के खिलाफ IT एक्ट की धारा 67, 79 और आईपीसी की धारा 354(2) (महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने का प्रयास) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। मुरादाबाद पुलिस का कहना है कि वह सभी पहलुओं पर जांच कर रही है और जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। एसपी सिटी रणविजय सिंह ने बताया कि, “एक महिला की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है। आरोपी का वीडियो गंभीर प्रकृति का है, जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधायक नवाब इकबाल महमूद ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह सिर्फ एक महिला सांसद को बदनाम करने की कोशिश नहीं है, बल्कि यह एक सुनियोजित राजनीतिक साजिश है। उन्होंने कहा, “योगेंद्र राणा जैसे लोगों की जगह जेल में होनी चाहिए। यह बयान सिर्फ महिलाओं की गरिमा का अपमान नहीं है, बल्कि समाज में सांप्रदायिक जहर फैलाने की साजिश है।”सपा नेताओं का आरोप है कि इस बयान के जरिए न सिर्फ इकरा हसन को निशाना बनाया गया, बल्कि धार्मिक ध्रुवीकरण की कोशिश भी की गई है।
फॉरेंसिक जांच जारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की साइबर सेल को भी जांच में लगाया गया है। वायरल वीडियो की तकनीकी पड़ताल की जा रही है ताकि इसके स्रोत, एडिटिंग और प्रसारण की पूरी श्रृंखला को खंगाला जा सके। समाजवादी पार्टी की महिला इकाई और युवा मोर्चा ने मुरादाबाद, रामपुर, संभल, कुशीनगर सहित कई जिलों में प्रदर्शन किए हैं। कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। Uttar Pradesh Samachar