
Latest News : मेरठ। एनसीईआरटी की नकली किताबें छापने के मामले में STF और पुलिस की टीम ने मेरठ से भाजपा नेता के भतीजे को गिरफ्तार किया है। दरअसल, बरेली के भोजीपुरा थाना क्षेत्र में एनसीईआरटी की नकली किताबों की बरामदगी हुई थी, जिसके बाद एसटीएफ की टीम मामले की जांच में जुट गई थी।
बता दें कि मेरठ में पहले भी एनसीआरटी की नकली किताबों का कारखाना पकड़ा जा चुका है। एनसीईआरटी की नकली किताबें छापने का मास्टरमाइंड सचिन गुप्ता है, जो भाजपा नेता संजीव गुप्ता का भतीजा है। सचिन और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ मेरठ के परतापुर थाने में एसटीएफ के सब इंस्पेक्टर ने मुकदमा दर्ज कराया है।
एसटीएफ के डीएसपी ब्रजेश कुमार सिंह ने बताया कि परतापुर के अहरौंडा में गोदाम और मोहकमपुर की प्रिंटिंग प्रेस का मालिक सचिन गुप्ता है। छापेमारी के तुरंत बाद सचिन से पुलिस अधिकारियों को फोन पर बातचीत हुई। उसने कहा कि वह किताबों के कागजात लेकर आ रहा है, लेकिन बाद में नहीं आया और मोबाइल भी बंद कर लिया।
सुपरवाइजर व चार-पांच अन्य लोगों के खिलाफ कई धाराओं में परतापुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। सचिन गुप्ता के बारे में पता चला है कि वह भाजपा नेता संजीव गुप्ता का भतीजा है। प्रिंटिंग प्रेस से एसटीएफ को एक होर्डिंग मिला है। इसमें संजीव गुप्ता को भाजपा का महानगर उपाध्यक्ष बताया गया है। होर्डिंग पर भाजपा महानगर अध्यक्ष समेत कई जनप्रतिनिधियों के फोटो छपे हैं। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि सचिन पूर्व में यूपी बोर्ड की किताबें भी छाप चुका है।
बताया जा रहा है कि 2 साल पहले भी STF ने इसके यहां से 45 करोड़ रुपए की नकली किताबें पकड़ी थी, लेकिन तब बच निकला था। आरोपी सचिन गुप्ता लगातार नकली किताबें छापकर सरकारी खजाने को चूना लगा रहा था।