विज्ञापन
प्रदेश के गाजियाबाद में 17 वर्षीय छात्र सूर्या चौहान की हत्या करने वाले मुख्य आरोपी असद के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने की घटना ने पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी है।

UP News : उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में 17 वर्षीय छात्र सूर्या चौहान की हत्या करने वाले मुख्य आरोपी असद के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने की घटना ने पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी है। महज 48 घंटे के भीतर हत्या, गिरफ्तारी अभियान और फिर पुलिस मुठभेड़ तक पहुंचा यह मामला कानून-व्यवस्था, सामाजिक तनाव और युवाओं के बीच बढ़ती हिंसा को लेकर कई सवाल खड़े कर रहा है।
UP News
पुलिस और परिजनों के मुताबिक सूर्या चौहान और असद कभी करीबी दोस्त हुआ करते थे। बताया जा रहा है कि करीब आठ महीने पहले दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद रिश्तों में दरार आ गई और दोनों के बीच रंजिश बढ़ती चली गई। इसी पुरानी दुश्मनी ने आखिरकार खूनी मोड़ ले लिया।
UP News
परिजनों का आरोप है कि बकरीद के दिन असद ने सूर्या को फोन कर पुराने विवाद खत्म करने की बात कही और मिलने के लिए बुलाया। जब सूर्या वहां पहुंचा तो पहले बातचीत हुई, लेकिन कुछ ही देर बाद विवाद बढ़ गया। प्रत्यक्षदर्शियों और परिवार के दावों के अनुसार, इसी दौरान आरोपी ने उस पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। कुछ रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया कि हमला करने से पहले आरोपी ने उकसाने वाला और भय पैदा करने वाला संवाद बोला था।
UP News
परिवार का कहना है कि आरोपी ने सूर्या के पेट में कई बार चाकू घोंपा। हमले की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उसके पेट से आंतें तक बाहर आ गई थीं। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद सूर्या ने जान बचाने की कोशिश की और घटनास्थल से कुछ दूरी तक भागा, लेकिन अत्यधिक खून बहने के कारण सड़क पर गिर पड़ा। बाद में परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
UP News
सूर्या की मौत की खबर फैलते ही खोड़ा और आसपास के इलाकों में भारी आक्रोश देखने को मिला। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती की गई। सोशल मीडिया पर भी यह घटना तेजी से चर्चा का विषय बनी और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठने लगी।
UP News
सूर्या के परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया। शुरुआती जांच के बाद तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया, लेकिन मुख्य आरोपी असद फरार चल रहा था। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
UP News
पुलिस के अनुसार शनिवार देर रात सूचना मिली कि असद अपने एक साथी के साथ खोड़ा इलाके में आने वाला है और वहां से पैसे लेकर शहर छोड़ने की तैयारी में है। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की और निगरानी बढ़ा दी। जैसे ही बाइक सवार संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया गया, पुलिस का दावा है कि असद ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में उसे गोली लगी। घायल हालत में उसे अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। इस दौरान एक पुलिस कांस्टेबल भी घायल हुआ।
UP News
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल से बाइक और एक देसी पिस्तौल बरामद करने का दावा किया है। हालांकि असद के साथ मौजूद दूसरा युवक मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश जारी है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि फरारी के दौरान असद को किसने शरण दी और उसके भागने की क्या योजना थी।
UP News
मुख्य आरोपी के एनकाउंटर के बाद सूर्या की मां ने पुलिस कार्रवाई पर संतोष जताया। उन्होंने कहा कि उनके बेटे की हत्या बेहद क्रूर तरीके से की गई थी और वह चाहती थीं कि दोषियों को ऐसी सजा मिले जिससे भविष्य में कोई ऐसी वारदात करने की हिम्मत न करे। उन्होंने प्रशासन से आरोपियों के खिलाफ और कड़ी कार्रवाई की भी मांग की। मामले ने राजनीतिक रंग भी पकड़ लिया। प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य सहित कई नेताओं ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही। वहीं पुलिस प्रशासन ने दावा किया है कि मामले में शामिल सभी आरोपियों को कानून के दायरे में लाया जाएगा।
UP News
सूर्या हत्याकांड और उसके बाद हुए पुलिस एनकाउंटर ने गाजियाबाद ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश में बहस छेड़ दी है। एक ओर पीड़ित परिवार इसे न्याय की दिशा में बड़ा कदम मान रहा है, वहीं दूसरी ओर पुलिस मुठभेड़ों को लेकर कानूनी और मानवाधिकार संबंधी सवाल भी उठते रहे हैं। फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों और पूरे घटनाक्रम से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच में जुटी हुई है। UP News
विज्ञापन