
NIA raid in Deoband उत्तर प्रदेश के इस्लामिक शिक्षा केंद्र देवबंद में गुरुवार की रात एक बार फिर से एटीएस ओर एनआईए द्वारा छापेमारी हुई है। देर रात तक देवबंद में एटीएस और एनआईए की छापेमार कार्रवाई चलती रही। कई स्थानों पर छापेमारी की कार्रवाई की। मोहल्ला बैरून कोटला स्थित एक धार्मिक स्थल के बाहर से टीम एक संदिग्ध को उठाकर अपने साथ ले गई।
गुरुवार की रात देवबंद में एक बार फिर NIA और ATS ने छापेमारी की। बताया जा रहा है कि कमांडो के साथ आई राष्ट्रीय जांच एजेंसी(NIA) टीम ने कई स्थानों पर छापेमारी की और एक धार्मिक स्थल के बाहर से संदिग्ध को हिरासत में लेकर अपने साथ ले गए। हालांकि छापेमारी की इस कार्रवाई की स्थानीय अधिकारी अंजान है। गुरुवार रात एनआईए और यूपी एटीएस की टीम ने देवबंद के मोहल्ला बैरून कोटला, मोहल्ला सराय पीरजादगान और मोहल्ला लहसवाड़ा में कई स्थानों पर छापेमारी की कार्रवाई की। मोहल्ला बैरून कोटला स्थित एक धार्मिक स्थल के बाहर से टीम एक संदिग्ध को उठाकर अपने साथ ले गई।
आपको बता दें कि इससे पहले भी चार बार देवबंद में छापेमारी कर संदिग्धों को उठाया जाता रहा है। साल 2022 में एटीएस और एनआईए की टीम देवबंद में कई बार आ चुकी है। इस साल 13 मार्च को यूपी एटीएस की टीम ने देवबंद के हॉस्टल से इनामुलहक नामक युवक को गिरफ्तार किया था। जिससे पूछताछ में पता चला था कि वह राष्ट्रविरोधी गतिविधियों में संलिप्त है और लश्कर—ए—तोएबा के आतंकियों से जुड़ा है। इसके बाद 30 अप्रैल को फर्जी दस्तावेजों के आधार पर रह रहे बांगलादेशी युवक तलहा को एटीएस ने गिरफ्तार किया था।
पकड़े गए आरोपी के पास से बांग्लादेशी मुद्रा और पासपोर्ट की छायाप्रति बरामद हुई थी। आरोपी इस्लामी तालीम हासिल करने के बहाने देवबंद में रह रहा था। उसके बाद जून में एनआईए (राष्ट्रीय जांच एजेंसी) ने यहां छापामारी कर मदरसा जकरिया से इस्लामी तालीम हासिल कर रहे रोहिंग्या छात्र मुजीबुल्लाह को हिरासत में लिया था। इसके बाद 31 जुलाई को एटीएस ने देवबंद में छापेमारी कर मदरसे से कर्नाटक के छात्र फारूक को हिरासत में ले गई थी। छात्र से टीम ने करीब आठ घंटे पूछताछ की थी। हालांकि टीम ने बाद में छात्र को छोड़ते हुए मदरसा प्रबंधन को सौंप दिया था।