योगी सरकार ने कैबिनेट में 30 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को दी मंजूरी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हाल ही में हुई कैबिनेट बैठक में कुल 31 प्रस्तावों पर विचार किया गया, जिनमें से 30 को स्वीकृति मिली। इस बैठक में संपत्ति पंजीकरण, ग्रामीण परिवहन, शहरी आवास और कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं सहित कई अहम फैसले लिए गए।

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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar10 Mar 2026 02:43 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हाल ही में हुई कैबिनेट बैठक में कुल 31 प्रस्तावों पर विचार किया गया, जिनमें से 30 को स्वीकृति मिली। इस बैठक में संपत्ति पंजीकरण, ग्रामीण परिवहन, शहरी आवास और कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं सहित कई अहम फैसले लिए गए।

संपत्ति रजिस्ट्रेशन में नया नियम

अब किसी भी संपत्ति की बिक्री से पहले विक्रेता का नाम खतौनी में सत्यापित किया जाएगा। अगर नाम मेल नहीं खाता, तो रजिस्ट्रेशन विभाग इसकी जांच करेगा। इसका उद्देश्य संपत्ति लेन-देन को अधिक पारदर्शी बनाना है।

ग्राम परिवहन योजना 2026

* इस योजना के तहत 59,163 ग्राम सभाओं को बस सेवा से जोड़ा जाएगा।

* लगभग 12,200 गांवों में अब पहली बार 28-सीटर बसें चलेगी।

* बस सेवा टैक्स-मुक्त होगी और निजी कंपनियों को संचालन की अनुमति दी जाएगी।

* बसों की औसत आयु 15 साल होगी और संचालन अनुबंध 10 साल का।

* हर रूट पर शुरुआत में दो बसें संचालित होंगी।

मोटर व्हीकल कानून और एग्रीगेटर प्लेटफॉर्म

* एग्रीगेटर प्लेटफॉर्म का राज्य में पंजीकरण अनिवार्य होगा।

* ड्राइवरों के लिए फिटनेस, मेडिकल टेस्ट और पुलिस वेरिफिकेशन की शर्तें लागू होंगी।

* आवेदन शुल्क 25,000 और लाइसेंस फीस 5 लाख तय की गई है।

* लाइसेंस का नवीनीकरण हर पांच साल में 5,000 शुल्क पर होगा।

* सरकार स्वयं एक परिवहन ऐप विकसित करेगी, जिसमें ड्राइवरों की जानकारी और ट्रेनिंग शामिल होगी।

शहरी आवास और निवेश नियमों में बदलाव

* प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत अब 30 वर्ग मीटर तक मकान बनाया जा सकेगा।

* लागत सीमा 6 लाख रुपये से बढ़ाकर 9 लाख रुपये की गई है।

* सरकारी कर्मचारियों को छह माह के मूल वेतन से अधिक निवेश और अचल संपत्ति का विवरण सालाना देना अनिवार्य होगा।

अन्य स्वीकृत परियोजनाएं

* कांशीराम आवास योजना के खाली मकानों की मरम्मत कर दलित परिवारों को आवंटित करना।

* अयोध्या में खेल परिसर के लिए 2,500 वर्ग मीटर भूमि नगर निगम को हस्तांतरित।

* कानपुर ट्रांस गंगा सिटी में चार लेन पुल का निर्माण।

* बुंदेलखंड के बांदा और झांसी में डेयरी संयंत्रों की क्षमता बढ़ाना।

* कई जिलों में समग्र शहरी योजना लागू करना।

शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए कैशलेस इलाज

* अब अशासकीय स्कूलों के शिक्षकों और कर्मचारियों को भी कैशलेस इलाज की सुविधा दी जाएगी।

* प्रति शिक्षक प्रीमियम लगभग 2,479, कुल लाभार्थी: 1.28 लाख से अधिक शिक्षक।

* सरकार पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ: 31.92 करोड़।

* निजी अस्पतालों को योजना में शामिल कर अधिक विकल्प और बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जाएगा।

इस तरह, उत्तर प्रदेश सरकार ने ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में विकास, स्वास्थ्य और पारदर्शिता को बढ़ावा देने वाले महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं।



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मुख्यमंत्री युवा विकास अभियान शुरू, अपना व्यवसाय शुरू करने को आर्थिक सहायता

युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए आर्थिक सहायता देने हेतु मुख्यमंत्री युवा विकास अभियान शुरू किया है। इस योजना का उद्देश्य युवाओं को नौकरी खोजने के बजाय स्वयं का रोजगार स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करना है।

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योगी आदित्यनाथ
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar10 Mar 2026 02:09 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश सरकार ने युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए आर्थिक सहायता देने हेतु मुख्यमंत्री युवा विकास अभियान शुरू किया है। इस योजना का उद्देश्य युवाओं को नौकरी खोजने के बजाय स्वयं का रोजगार स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करना है। यह पहल योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में गवर्नमेंट आॅफ उत्तर प्रदेश द्वारा चलाई जा रही है।

योजना के मुख्य लाभ

इस योजना के तहत पात्र युवाओं को बैंक के माध्यम से अधिकतम 5 लाख रुपये तक का ऋण दिया जाएगा। खास बात यह है कि इस ऋण पर कोई ब्याज नहीं लिया जाएगा। इसके साथ ही आवेदक से किसी प्रकार की गारंटी या जमानत भी नहीं मांगी जाएगी। सरकार स्वीकृत परियोजना पर 10 प्रतिशत मार्जिन मनी सब्सिडी भी प्रदान करेगी। इसका मतलब है कि व्यवसाय शुरू करने के लिए आवश्यक पूंजी का एक हिस्सा सरकार स्वयं वहन करेगी, जिससे युवा उद्यमियों पर वित्तीय बोझ कम होगा।

किन क्षेत्रों में शुरू कर सकते हैं व्यवसाय

इस योजना के अंतर्गत विनिर्माण और सेवा दोनों क्षेत्रों में व्यवसाय शुरू किए जा सकते हैं।

विनिर्माण क्षेत्र :

* मसाला या आटा प्रसंस्करण इकाई

* नमकीन निर्माण

* रेडीमेड परिधान निर्माण

* फर्नीचर निर्माण

* प्लास्टिक उत्पाद बनाना

* चप्पल या जूते से जुड़े उत्पाद

* डेयरी प्रोसेसिंग यूनिट

सेवा क्षेत्र :

* ई-रिक्शा संचालन

* मोबाइल फोन रिपेयरिंग

* ब्यूटी पार्लर

* कंप्यूटर या प्रशिक्षण केंद्र

* वाहन सर्विस सेंटर

* कोचिंग संस्थान

* लॉन्ड्री सेवा

* बिजनेस आन व्हील्स जैसे मोबाइल सेवा आधारित काम

पात्रता शर्तें

इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को कुछ आवश्यक शर्तें पूरी करनी होंगी।

* आयु: 21 से 40 वर्ष के बीच

* शैक्षिक योग्यता: कम से कम 8वीं कक्षा उत्तीर्ण

* निवास: उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए

आवेदन प्रक्रिया

इच्छुक युवा योजना का लाभ लेने के लिए आॅनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए उन्हें एमएसएमई उत्तर प्रदेश पोर्टल पर जाकर पंजीकरण करना होगा। आवेदन के बाद संबंधित बैंक और जिला उद्योग केंद्र द्वारा परियोजना की जांच की जाएगी। स्वीकृति मिलने पर ऋण जारी कर दिया जाएगा।

आवश्यक दस्तावेज

आवेदन करते समय आमतौर पर निम्न दस्तावेजों की आवश्यकता होती है, आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, शैक्षिक प्रमाण पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो, बैंक खाता विवरण, प्रस्तावित व्यवसाय की परियोजना रिपोर्ट लगानी होगी। इस योजना का उद्देश्य युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना और राज्य में छोटे-छोटे उद्यमों को बढ़ावा देना है, ताकि अधिक से अधिक लोग रोजगार प्राप्त करने के साथ-साथ दूसरों को भी रोजगार दे सकें।


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पंचायत चुनाव की आहट के बीच योगी सरकार का बड़ा फैसला, हर गांव को मिलेगा फायदा

राजधानी लखनऊ में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश के सभी 59,163 ग्राम सभाओं को सीधा लाभ पहुंचाने वाला अहम निर्णय लिया गया। सरकार ने तय किया है कि अब प्रदेश के हर गांव तक सार्वजनिक परिवहन की पहुंच मजबूत की जाएगी, ताकि ग्रामीण आबादी को आवागमन की बेहतर सुविधा मिल सके।

सीएम योगी
सीएम योगी
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar10 Mar 2026 02:06 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव को लेकर राजनीतिक हलकों में तरह-तरह की चर्चाएं जारी हैं। इसी बीच उत्तर प्रदेश की मौजूदा योगी आदित्यनाथ सरकार ने प्रदेश के ग्रामीण इलाकों के लिए बड़ा फैसला लेकर नई चर्चा छेड़ दी है। राजधानी लखनऊ में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश के सभी 59,163 ग्राम सभाओं को सीधा लाभ पहुंचाने वाला अहम निर्णय लिया गया। सरकार ने तय किया है कि अब प्रदेश के हर गांव तक सार्वजनिक परिवहन की पहुंच मजबूत की जाएगी, ताकि ग्रामीण आबादी को आवागमन की बेहतर सुविधा मिल सके।

उत्तर प्रदेश के गांवों तक पहुंचेगी परिवहन सुविधा

योगी सरकार ने परिवहन विभाग से जुड़े प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए साफ कर दिया है कि उत्तर प्रदेश के दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों को अब सड़क परिवहन व्यवस्था से अधिक मजबूती से जोड़ा जाएगा। इस फैसले के तहत प्रदेश की सभी ग्राम सभाओं में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की बस सेवा पहुंचाने की तैयारी की गई है। इसका उद्देश्य गांवों में रहने वाले लोगों को आसान, सुलभ और नियमित यात्रा सुविधा उपलब्ध कराना है।

मुख्यमंत्री ग्रामीण परिवहन योजना 2026 को मिली हरी झंडी

परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री ग्रामीण परिवहन योजना 2026 को मंजूरी दे दी गई है। इस योजना के तहत उत्तर प्रदेश के उन गांवों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, जहां अब तक सार्वजनिक परिवहन की उपलब्धता सीमित रही है या लोगों को निजी साधनों पर निर्भर रहना पड़ता है। सरकार का मानना है कि इस योजना से ग्रामीण उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव आएगा।

योजना के तहत गांवों और छोटे मार्गों को ध्यान में रखते हुए 28 सीटों वाली छोटी बसें चलाई जाएंगी। इन बसों का संचालन ऐसे रूटों पर किया जाएगा, जहां बड़ी बसों का संचालन व्यावहारिक नहीं है। इससे उत्तर प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में स्कूल, अस्पताल, तहसील, ब्लॉक, जिला मुख्यालय और बाजार तक पहुंच पहले के मुकाबले ज्यादा आसान हो सकेगी।

गांव के हर वर्ग को मिलेगा सीधा फायदा

योगी सरकार के इस फैसले का असर उत्तर प्रदेश के गांवों में रहने वाले छात्रों, किसानों, महिलाओं, मजदूरों, बुजुर्गों और छोटे कारोबारियों पर सीधे तौर पर पड़ेगा। ग्रामीण इलाकों में परिवहन सुविधा मजबूत होने से शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बाजार तक पहुंच बेहतर होगी। साथ ही, गांव और शहर के बीच दूरी कम करने में भी यह योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव को लेकर चर्चा भले तेज हो, लेकिन सरकार ने इस फैसले के जरिए ग्रामीण विकास और आधारभूत सुविधाओं पर अपना फोकस साफ कर दिया है। 59,163 ग्राम सभाओं तक बस सेवा पहुंचाने का यह निर्णय केवल परिवहन सुविधा बढ़ाने तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि इसे ग्रामीण उत्तर प्रदेश की जीवनशैली, अवसरों और विकास की गति को बदलने वाले कदम के रूप में भी देखा जा रहा है। UP News

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