आजमगढ़ के गंभीरपुर थाना क्षेत्र में पुलिस मुठभेड़ के दौरान गोकशी के दो आरोपी सगे भाई गिरफ्तार। जवाबी कार्रवाई में एक के पैर में लगी गोली। 10 किलो मांस और अवैध हथियार बरामद।
UP News : उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के गंभीरपुर थाना क्षेत्र में रविवार रात पुलिस और गोकशी के आरोपियों के बीच तीखी मुठभेड़ हुई। पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए गोकशी के आरोप में दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है। मुठभेड़ के दौरान बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसके जवाब में की गई कार्रवाई में एक आरोपी के पैर में गोली लग गई।
पुलिस के अनुसार, रविवार की रात थानाध्यक्ष अमित कुमार त्रिपाठी अपनी टीम के साथ संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि सरसेना खालसा गांव के कुछ लोग प्रतिबंधित पशु का वध कर उसका मांस बेचने के बाद बचे हुए अवशेष मोटरसाइकिल से लेकर कहीं जा रहे हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने खराटी से आवक मोड़ के पास घेराबंदी कर दी। कुछ देर बाद मोटरसाइकिल पर सवार दो संदिग्ध व्यक्ति आते हुए दिखाई दिए। पुलिस को देखकर वे घबरा गए और भागने लगे। जब पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो आरोपियों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। UP News :
यह भी पढ़ें: चंदौली में बैंक का सायरन बना मुसीबत, लगातार आवाज से परेशान हुए आसपास के लोग
बदमाशों द्वारा की गई फायरिंग के बाद पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान पुलिस की गोली लगने से एक आरोपी जमील गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घायल जमील और उसके साथी सलमान दोनों को मौके से दबोच लिया। घायल आरोपी जमील को तुरंत उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) मुहम्मदपुर भेजा गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
पुलिस पूछताछ में पकड़े गए दोनों आरोपियों की पहचान जमेल (42) और सलमान (30) पुत्रगण स्वर्गीय मोबिन, निवासी लहबरिया सरसेना खालसा, थाना गंभीरपुर, आजमगढ़ के रूप में हुई है।
पुलिस ने इनके कब्जे से निम्नलिखित सामान बरामद किया है:
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर छुट्टा (आवारा) प्रतिबंधित पशुओं को पकड़ते थे और सुनसान जगहों पर उनका वध कर मांस बेचते थे। मांस की बिक्री से मिलने वाले पैसों को वे आपस में बांट लेते थे और इसी अवैध कमाई से उन्होंने अवैध असलहा भी खरीदा था। पुलिस रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला कि आरोपी सलमान के खिलाफ पहले से भी गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। वर्ष 2017 में उसके खिलाफ गोवध निवारण अधिनियम और वर्ष 2018 में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। फिलहाल पुलिस ने दोनों भाइयों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), गोवध निवारण अधिनियम और आर्म्स एक्ट की प्रासंगिक धाराओं के तहत नया मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस इस नेटवर्क में शामिल अन्य संलिप्त आरोपियों की तलाश कर रही है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है। UP News :
विज्ञापन