
UP News : उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बुधवार को एक प्रेस वार्ता को संबोधित किया, लेकिन इस दौरान एक दिलचस्प वाकया सुर्खियों में आ गया। प्रेस वार्ता के दौरान एक व्यक्ति ने अखिलेश यादव के लिए दुआ करते हुए कहा, "अगर अल्लाह ने चाहा तो आप 2029 में प्रधानमंत्री बनेंगे..."। इस पर सपा प्रमुख ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "ऐसे डायलॉग मत बोलो, जैसे रील में बोला जाता है... अब बुलाया नहीं जाएगा।" अखिलेश ने चुटकी लेते हुए कहा कि "कुछ लोग सिर्फ फेमस होने के लिए भी आ जाते हैं।
प्रेस वार्ता में यह संवाद सुनकर वहां मौजूद सभी पत्रकारों और कार्यकर्ताओं के चेहरे पर मुस्कान तैर गई। अखिलेश यादव ने आगे कहा, "कुछ लोग सिर्फ चर्चित होने की नीयत से आते हैं। अभी हाल ही में एक मामले में ऐसा हुआ था—पहले शख्स ने कुछ बयान दिया, फिर उसके घर पुलिस पहुंच गई। सोचिए, अगर घर में पुलिस आ जाए तो कितना कुछ बदल सकता है। अधिकारी भेज दिए जाएं तो तस्वीर पूरी बदल जाती है।"
सपा अध्यक्ष ने सरकार द्वारा चलाए जा रहे पौधारोपण अभियान पर भी सवाल उठाए। जब एक पत्रकार ने ‘मां के नाम एक पेड़’ अभियान को लेकर सवाल किया, तो अखिलेश ने कहा, "यह सिर्फ एक इवेंट है। सरकार के पास न तो कोई ठोस योजना है और न ही कोई दीर्घकालिक रणनीति।" उन्होंने एक पुरानी घटना का हवाला देते हुए बताया कि एक युवक उनके पास आया था और रोते हुए बताया कि पुलिस न केवल उसे परेशान कर रही है, बल्कि उसके पिता से 20 हजार रुपये भी ले लिए।
युवक का दावा था कि उसने सोशल मीडिया पर कन्नौज से सांसद के पक्ष में एक पोस्ट डाली थी, जिसके बाद उसे निशाना बनाया गया। हालांकि, जब मामला तूल पकड़ा तो युवक के पिता ने मीडिया के सामने कहा कि पुलिस ने कोई पैसा नहीं लिया। अखिलेश यादव ने यह भी एलान किया कि समाजवादी पार्टी की सरकार आने पर 'यश भारती सम्मान' और 'अर्जुन अवॉर्ड' जैसी पुरानी योजनाओं को दोबारा शुरू किया जाएगा। उन्होंने मौजूदा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि "इस सरकार ने न केवल इन सम्मानों को बंद किया, बल्कि जिन लोगों को ये सम्मान पहले दिए गए थे, उनसे उनकी सम्मान राशि भी छीन ली गई। UP News