उत्तर प्रदेश विशेषताओं से भरा हुआ प्रदेश है। उत्तर प्रदेश में शहर हो, कस्बा हो अथवा कोई गाँव हो हर जगत की अपनी खास विशेषता है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के कुछ गाँव अपने अंदर खास इतिहास समेटे हुए हैं।

UP News : उत्तर प्रदेश विशेषताओं से भरा हुआ प्रदेश है। उत्तर प्रदेश में शहर हो, कस्बा हो अथवा कोई गाँव हो हर जगत की अपनी खास विशेषता है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के कुछ गाँव अपने अंदर खास इतिहास समेटे हुए हैं। उत्तर प्रदेश के पाँच ऐसे गाँवों के विषय में हम आपको बता रहे हैं जिन गाँवों का इतिहास जानने लायक इतिहास है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थापित इन पांच गाँवों को आबादी की दृष्टि से जाट बाहुल्य गाँव कहा जाता है।
सिसौली गाँव : उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में मौजूद है सिसौली गाँव। (मुजफ्फरनगर) बालियान गोत्र का यह गांव सिसौली बाबा टिकैत की जन्म स्थली है यह गांव प्राचीन काल से ही योद्धाओं की भूमि रहा है, पता नहीं कितने मंत्री, मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री इस गांव में माथा टेकने आया करते थे, यह गांव पूरे देशभर मे जाना जाता हैं।
भैंसी : उत्तर प्रदेश का भैंसी गाँव बहुत ही प्रसिद्ध गाँव है। अहलावत गोत्र का यह गांव किसान आंदोलनों के लिए जाना जाता हैं, यहां सालाना किसानों के बडे मेले का आयोजन होता है जिसमें दूसरे प्रदेशों तक के किसान आते हैं, हाईवे और रेलवे लाईनों पर इस गांव के लोग कभी भी अपनी भैंसे बांध देते हैं, हक मांगने का सबसे अलग तरीका अपनाते है, इस गांव से 16 किसान संगठनों, जाट संगठनों और पार्टियों के महासचिव, जिलाध्यक्ष और अध्यक्ष है अपनी दबंगई के लिए मशहूर यह उत्तर प्रदेश का सबसे प्रभावशाली गांव माना जाता हैं।
बावली : पश्चिमी उत्तर प्रदेश का बावली गाँव बागपत जिले में पड़ता है। तोमर गोत्र का यह गांव जाटो का सबसे बडा गांव है, इस गांव की जनसंख्या 40 हजार से ऊपर बताते हैं, तीन प्रधान बनते है, भारत में हर एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी मे बावली का जाट जरूर मिलता है, पढ़ाई के साथ-साथ यह गांव अपनी दबंगई, खेलकूद के लिए भी प्रदेशभर में मशहूर हैं।
मलकपुर : उत्तर प्रदेश का मलकपुर गाँव बागपत जिले में आता है। तोमर गोत्र का यह गांव अपने खेलकूद के लिए मशहूर हैं, इस गांव मे कई अर्जुन अवार्ड और द्रोणाचार्य अवार्ड है, देशभर में मशहूर मलकपुर के पहलवान अंतरराष्ट्रीय स्तर तक जाने जाते है, पहलवानो का यह गांव जाटो की शान है।
सैदपुर : उत्तर प्रदेश का सैदपुर गाँव बुलंदशहर जिले में आता है। सिरोही गोत्र का यह गांव जाटो का नामचीन गांव है, अन्य गोत्र अहलावत और विर्क भी है, यह गांव फौजियों का गांव कहा जाता हैं, इस गांव की पहचान भारत के सबसे ज्यादा फौजी देने के रूप में है, हर घर से एक जाट फौजी जरूर बनता है, ये गांव भी जाटो की शान माना जाता हैं। UP News