चंदौली के मुगलसराय में तथागत विहार के अधिग्रहण के विरोध में चल रहे धरने को एक साल पूरा हुआ। वर्षगांठ पर टेंगरा मोड़ से विहार तक शांति मार्च निकाला गया। आयोजकों ने मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही।

UP News : उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर (मुगलसराय) स्थित तथागत विहार न्यू सारनाथ, मिल्कीपुर में चल रहे धरने को बुधवार को एक वर्ष पूरा हो गया। धरने की पहली वर्षगांठ के अवसर पर आयोजकों की ओर से शांति मार्च निकाला गया। मार्च में तथागत विहार की कार्यकारिणी के सदस्यों के अलावा उपासक, श्रद्धालु और अन्य लोग शामिल हुए। बुधवार सुबह करीब 9:30 बजे टेंगरा मोड़ से शुरू हुआ शांति मार्च तथागत विहार तक पहुंचा। कार्यक्रम में बुद्ध विहार सारनाथ के पूज्य थेरो चंद्रमा भंते जी मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। इस दौरान आयोजकों ने तथागत विहार के प्रस्तावित अधिग्रहण का विरोध करते हुए अपनी मांगों को दोहराया।
आयोजकों के अनुसार, तथागत विहार चैरिटेबल ट्रस्ट परिसर में बौद्ध धर्म से जुड़े कई महत्वपूर्ण स्थल मौजूद हैं। परिसर में विपश्यना केंद्र, अशोक स्तंभ और बड़ी संख्या में पेड़-पौधे हैं। आयोजकों का आरोप है कि बंदरगाह परियोजना के नाम पर तथागत विहार के अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है।
इसी के विरोध में पिछले एक वर्ष से धरना दिया जा रहा है। वर्षगांठ पर निकाले गए शांति मार्च के जरिए आयोजकों ने अपनी मांगों को प्रशासन और सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया।
तथागत विहार चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष अमरीश प्रसाद कुशवाहा ने कहा कि अधिग्रहण के विरोध में लगातार एक वर्ष से धरना चल रहा है। उनके अनुसार, स्थानीय सांसद और विधायक समेत कई जनप्रतिनिधि धरना स्थल पर पहुंच चुके हैं, लेकिन अभी तक सरकार की ओर से उनकी मांगों को लेकर कोई ठोस आश्वासन या कार्रवाई नहीं हुई है। UP News :
उन्होंने कहा कि जब तक मांग पूरी नहीं होती, तब तक धरना जारी रहेगा। आयोजकों ने स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से जारी रहेगा।
शांति मार्च में विहार की कार्यकारिणी के सदस्यों के साथ बड़ी संख्या में उपासक, श्रद्धालु और अन्य लोग शामिल हुए। इस दौरान तथागत विहार के संरक्षण से जुड़ी मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। आयोजकों की ओर से अध्यक्ष अमरेश प्रसाद कुशवाहा और महामंत्री विद्याधर अखिलेश सिंह सहित अन्य पदाधिकारियों ने लोगों से कार्यक्रम में सहभागिता की अपील की थी। UP News :
विज्ञापन