उत्तर प्रदेश के 11 लाख युवाओं के भविष्य पर लगा ग्रहण, एसटीएफ जांच में जुटी
युवाओं के भविष्य पर ग्रहण
उत्तर प्रदेश
RP Raghuvanshi
30 Nov 2025 07:14 PM
उत्तर प्रदेश
RP Raghuvanshi
30 Nov 2025 07:14 PM
Uttar Pradesh News : उत्तर प्रदेश के करोड़ों युवा बेरोजगार हैं। ऐसे में अब उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक बड़ी खबर आ रही है। उत्तर प्रदेश के 10 लाख 76 हजार युवाओं के भविष्य पर ग्रहण लग गया है। उत्तर प्रदेश सरकार ने अधर में फंसे हुए युवाओं के भविष्य को उत्तर प्रदेश की एसटीएफ के हवाले कर दिया है। एसटीएफ की जांच रिपोर्ट के बाद तय होगा कि उत्तर प्रदेश के इन लगभग 11 लाख (10.76 लाख) युवाओं का भविष्य क्या होगा ?
क्या है पूरा मामला
आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश में रविवार को (11 फरवरी) को उत्तर प्रदेश सरकार के सरकारी विभाग में तैनात होने वाले समीक्षा अधिकारी (RO) तथा सहायक समीक्षा अधिकारी (ARO) की नौकरी के लिए परीक्षा हाुई थी। इस परीक्षा में उत्तर प्रदेश के 10 लाख 76 हजार युवाओं ने नामांकन कर रखा था। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की इस परीक्षा का पर्चा लीक होने से हडक़ंप मच गया। पर्चा लीक होने की जांच के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने एसटीएफ को जांच के काम में लगा दिया है। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग कह रहा है कि एसटीएफ की जांच रिपोर्ट आ जाने के बाद तय किया जाएगा कि इस परीक्षा को मान लिया जाएगा अथवा रद्द करके दोबारा परीक्षा कराई जाएगी। इस प्रकार उत्तर प्रदेश के 11 लाख बेरोजगार युवाओं के भविष्य पर ग्रहण लग गया है।
आरओ तथा एआरओ परीक्षा का पर्चा लीक
आपको बता दें कि रविवार को प्रदेश के 58 जिलों के 2,387 केंद्रों पर दो सत्रों में परीक्षा आयोजित की थी। इस परीक्षा में कुल 10.76 लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। परीक्षा में 64 प्रतिशत अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। इसी परीक्षा की पहली पाली में गाजीपुर के एसएम नेशनल इंटर कॉलेज मच्छटी केंद्र का एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें कुछ अभ्यर्थी प्रश्न पत्र लीक होने ना है का दावा करते हुए नाराजगी जता रहे कोई हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि सुबह की पाली में उन्हें प्रश्न पत्र का बंडल खुला हुआ मिला था।
साफ है कि पेपर परीक्षा से पहले ही लीक हो चुका है। दावा किया कि इसके लिए आपत्ति जताने पर परीक्षा केंद्र के प्रभारी ने गलती भी मानी है। इस वायरल वीडियो ने तूल तब में पकड़ा जब अखबारों में यह खबर छपी। फिर, राजनीतिक लोगों के कमेंट भी आने शुरू किया। आयोग ने सोमवार को इसका संज्ञान लेते होने हुए आंतरिक जांच कमेटी गठित रहे कर दी। आयोग के सचिव अशोक कुमार ने मीडिया को जारी बयान में कहा कि आरओ-एआरओ प्रारंभिक परीक्षा-2023 के संबंध में खबरों को देखते हुए आंतरिक जांच समिति गठित की है। साथ ही, इस परीक्षा के सारे बिंदुओं पर एसटीएफ से जांच कराने का निर्णय लिया है। जांच के बाद परीक्षा की शुचिता को ध्यान में रखकर आयोग उचित निर्णय लेगा।