उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से मिले बादशाह, खूब की तारीफ

बादशाह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को फूलों का गुलदस्ता दिया और उनसे आराम से बैठकर बातें कीं। इस दौरान वो उनकी ओर निहारते हुए दिखाई दिए। बादशाह ने सीएम योगी से हुई मुलाकात कैसी रही इसके बारे में भी बताया।

गोरखपुर महोत्सव के दौरान सीएम योगी से मुलाकात करते रैपर बादशाह
गोरखपुर महोत्सव के दौरान सीएम योगी से मुलाकात करते रैपर बादशाह
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar14 Jan 2026 06:13 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बाबा तथा महाराज जैसे नामों से भी संबोधित किया जाता है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ बादशाह की मुलाकात को ‘‘महाराज तथा बादशाह की मुलाकात’’ नाम दिया जा रहा है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करने के बाद बादशाह ने महाराज की खुलकर तारीफ की है।

कौन है बादशाह जो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से मिले?

आपको बता दें कि सोशल मीडिया पर बादशाह का नाम खूब चर्चित है। रैपर तथा सिंगर बादशाह का असली नाम आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया है। बादशाह के नाम से चर्चित आदित्य प्रतीक सिंह ठाकुर समाज से आते हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी ठाकुर हैं। हाल ही में उत्तर प्रदेश शहर के गोरखपुर में गोरखपुर महोत्सव का आयोजन हुआ है। गोरखपुर महोत्सव में बॉलीवुड नाइट के मंच पर बादशाह ने भी खूब जलवा बिखेरा। इस दौरान बादशाह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी मुलाकात की।  बादशाह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को फूलों का गुलदस्ता दिया और उनसे आराम से बैठकर बातें कीं। इस दौरान वो उनकी ओर निहारते हुए दिखाई दिए। बादशाह ने सीएम योगी से हुई मुलाकात कैसी रही इसके बारे में भी बताया। इंस्टाग्राम पर तस्वीरें शेयर करते हुए बादशाह ने लिखा- आज योगी आदित्यनाथ जी से मिलकर एक अजीब-सी शांति महसूस हुई। चेहरे पर एक अलग ही रोशनी है- वो तेज जो शब्दों से नहीं, बल्कि अंदर की स्थिरता से आता है। बेहद शांत, बेहद सहज जानवरों के लिए प्यार, इंसानों के लिए करुणा, और जिंदगी का एक ही उद्देश्य- अपने देश की सेवा, अपने धर्म की रक्षा और अपने लोगों के लिए समर्पण। उन्होंने आगे लिखा- जो लोग उन्हें दूर से देखते हैं, वो बहुत कुछ नहीं देख पाते। पास से देखने पर समझ आता है कि उनकी सबसे बड़ी ताकत सत्ता नहीं, बल्कि संवेदना है। बादशाह ने गोरखपुर महोत्सव की वीडियोज इंस्टाग्राम स्टोरीज में भी शेयर कीं। जहां वो स्टेज पर धमाल मचाते नजर आए। वहीं फैंस उनके गाने पर झूमते दिखे। इस महोत्सव में पवन सिंह और रवि किशन ने भी खूब रंग जमाया था।

अमेरिका टूर के दौरान घायल हो गए थे बादशाह

बादशाह को हाल ही में उनके नॉर्थ अमेरिका टूर के दौरान आंख में चोट लगी थी। आखिरी शो के दौरान परफॉर्मेंस शुरू होते ही उनकी आंख में कुछ चला गया, जिससे उन्हें काफी परेशानी हुई, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने शो पूरा किया। UP News

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उत्तर प्रदेश को-आपरेटिव बैंक में 21 करोड़ का घोटाला, 16 लोगों पर एफआईआर दर्ज

चार्टर्ड अकाउंटेंट द्वारा किए गए विशेष आडिट और बैंक की आंतरिक जांच में यह स्पष्ट हुआ कि ऋण वितरण की प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं और सुनियोजित धोखाधड़ी हुई है।

cooperative
उत्तर प्रदेश कोआपरेटिव बैंक
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar14 Jan 2026 06:05 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश को-आपरेटिव बैंक लिमिटेड की गोंडा शाखा में हुए बड़े वित्तीय घोटाले में पुलिस ने कोतवाली नगर थाना में एफआईआर दर्ज कर ली है। चार्टर्ड अकाउंटेंट द्वारा किए गए विशेष आडिट और बैंक की आंतरिक जांच में यह स्पष्ट हुआ कि ऋण वितरण की प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं और सुनियोजित धोखाधड़ी हुई है।

घोटाले के मुख्य तथ्य

1. अनियमित ऋण वितरण

  * शाखा प्रबंधक और कर्मचारियों ने मिलकर एक सिंडिकेट बनाया और नियमों का उल्लंघन करते हुए ऋण जारी किया।

  * ऋण की पात्रता की जांच, आय प्रमाण पत्र या जमानत मूल्यांकन जैसी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी नहीं की गईं।

  * कई मामलों में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर ऋण स्वीकृत हुआ।

2. अवैध निकासी और धन का दुरुपयोग

  * बैंक के पांच आंतरिक खातों से 46.13 लाख की राशि अवैध रूप से निकाली गई और विभिन्न खातों में ट्रांसफर की गई।

  * खाताधारकों की 21.01 करोड़ की धनराशि का गलत तरीके से इस्तेमाल किया गया।

  * कुल मिलाकर 21.47 करोड़ की गबन और वित्तीय दुरुपयोग की पुष्टि हुई।

3. परिवार के खातों का इस्तेमाल

  * शाखा प्रबंधक ने अपने माता-पिता, पत्नी और पुत्र के खातों का भी उपयोग किया।

  * निकाली गई धनराशि को परिवार के खातों में घुमाकर धोखाधड़ी को योजनाबद्ध रूप दिया गया।

4. समयावधि और एफआईआर

  * यह अनियमितताएं दिसंबर 2021 से जून 2025 के बीच हुईं।

  * जांच में तीन तत्कालीन शाखा प्रबंधक, सहायक/कैशियर और कुछ खाताधारकों सहित कुल 16 लोगों को नामजद किया गया।

5. जांच की दिशा

  * पुलिस बैंक के सभी संदिग्ध खातों, ऋण फाइलों और डिजिटल लेनदेन की गहन जांच कर रही है।

  * आगे जांच में और नाम सामने आने पर उनके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

6. निगरानी और आंतरिक नियंत्रण पर सवाल

  * इस घोटाले ने सहकारी बैंकिंग व्यवस्था में निगरानी और आंतरिक नियंत्रण की गंभीर कमियों को उजागर किया।

  * खाताधारकों और प्रशासन के लिए यह चेतावनी है कि धनरक्षा और नियामक प्रक्रियाओं का पालन अनिवार्य है।

यह मामला केवल व्यक्तिगत भ्रष्टाचार नहीं है, बल्कि बैंकिंग प्रणाली में नियंत्रण की विफलता और संगठित धोखाधड़ी का उदाहरण है। बैंक और नियामक संस्थाओं को ऐसे मामलों से निपटने और भविष्य में रोकथाम के लिए कठोर कदम उठाना आवश्यक है।

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उत्तर प्रदेश की धरती पर आयोजित हुआ ग़ज़ल कुंभ

उत्तर प्रदेश में हाल ही में आयोजित हुए कुंभ का नाम था ग़ज़ल कुंभ। यह ग़ज़ल कुंभ उत्तर प्रदेश के वाराणसी शहर में आयोजित किया गया। उत्तर प्रदेश में आयोजित होने वाला यह ग़ज़ल कुंभ इस आयोजन की कड़ी का 17वां ग़ज़ल कुंभ था।

वाराणसी में संपन्न हुआ 17वां ग़ज़ल कुंभ
वाराणसी में संपन्न हुआ 17वां ग़ज़ल कुंभ
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar14 Jan 2026 05:34 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश में कुंभ के मेले की खूब चर्चा होती है। वर्ष-2025 में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज शहर में आयोजित किया गया महाकुंभ का मेला दुनिया का सबसे बड़ा मेला साबित हुआ था। हाल ही में उत्तर प्रदेश की धरती एक और कुंभ का गवाह बनी। उत्तर प्रदेश में हाल ही में आयोजित हुए कुंभ का नाम था ग़ज़ल कुंभ। यह ग़ज़ल कुंभ उत्तर प्रदेश के वाराणसी शहर में आयोजित किया गया। उत्तर प्रदेश में आयोजित होने वाला यह ग़ज़ल कुंभ इस आयोजन की कड़ी का 17वां ग़ज़ल कुंभ था।

वसंत चौधरी फाउंडेशन ने आयोजित किया 17वां ग़ज़ल कुंभ

उत्तर प्रदेश के वाराणसी शहर में वसंत चौधरी फ़ाउंडेशन, नेपाल के सौजन्य से अंजुमन फ़रोग़ ए उर्दू, दिल्ली द्वारा सरदार पटेल धर्मशाला वाराणसी में दो दिवसीय 17वां भव्य ग़ज़ल कुंभ संपन्न हुआ। कार्यक्रम से पूर्व सर्वप्रथम ग़ज़ल कुंभ परिवार के वरिष्ठ सदस्य गोविन्द गुलशन के कुछ ही दिन पूर्व हुए आकस्मिक निधन पर शोक व्यक्त किया गया एवं दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। ग़ज़ल कुंभ के आरंभ में वाराणसी के साहित्यकार डॉ महेंद्र तिवारी 'अलंकार' ने वाराणसी की ओर से देशभर से पधारे लगभग 170 वरिष्ठ प्रतिनिधि शायरों का स्वागत किया। स्वागत भाषण के बाद वरिष्ठ शायर भूपेन्द्र सिंह 'होश' की अध्यक्षता और अलका 'शरर' के संचालन में ग़ज़ल गोष्ठी हुई जिसमें शानदार ग़ज़लें पढ़ी गईं।

ग़ज़ल कुंभ के संयोजक हैं दीक्षित दनकौरी

ग़ज़ल कुंभ के संयोजक प्रख्यात शायर दीक्षित दनकौरी ने दूसरे सत्र का संचालन किया जिसकी अध्यक्षता देहरादून से पधारे वरिष्ठ शायर 'अंबर' खरबंदा ने की। लगभग 6 घंटे चले इस सत्र में एक से बढ़कर एक ग़ज़लें पढ़ी गईं। इसी सत्र में प्रतापगढ़ (यूपी) की वयोवृद्ध वरिष्ठ शायरा अरुणिमा सक्सेना को 'ग़ज़ल कुंभ सम्मान 2026' से सम्मानित किया गया। गत वर्ष हरिद्वार में आयोजित ग़ज़ल कुंभ में पढ़ी गई ग़ज़लों के संकलन एवं 'हमारा क्या है' रदीफ़ पर प्रकाशित दो संकलनों का लोकार्पण किया गया।

खूब सराहे गए ग़ज़ल कुंभ के शायर

दूसरे दिन के तीसरे सत्र की अध्यक्षता वाराणसी के वरिष्ठ शायर चंद्रभाल सुकुमार ने की। इस सत्र में बाहर से पधारे शायरों के साथ- साथ वाराणसी के शायरों विशेषकर अभिनव अरुण, धर्मेन्द्र गुप्त साहिल, छाया शुक्ला, कंचनलता चतुर्वेदी श्रीमती लीला सुकुमार, प्रसन्न वदन चतुर्वेदी 'अनघ',बहर' बनारसी, बुद्धदेव तिवारी, डॉ प्रताप शंकर दूबे, सिद्धनाथ शर्मा, संतोष कुमार प्रीत, गिरीश पांडेय काशिकेय, डॉ पुष्पेन्द्र प्रताप पुष्प, कंचन सिंह परिहार, कुमार महेंद्र ने ग़ज़ल पाठ किया। सभी शायरों की ग़ज़लों को खूब सराहा गया। बी.एच.यू के 8- 10 छात्र शायरों ने भी शानदार शायरी प्रस्तुत करके हॉल में उपस्थित सैकड़ों वरिष्ठ शायरों की वाहवाही लूटी। ग़ज़ल कुंभ के संयोजक दीक्षित दनकौरी ने ग़ज़ल कुंभ में उपस्थित हुए सभी प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। UP News



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