इस विस्तार के साथ, सिलीगुड़ी से पानीपत तक एक सीधी फोरलेन सड़क उपलब्ध होगी, जिससे पूर्वांचल से पश्चिमी यूपी और हरियाणा के बीच आवागमन आसान होगा। इससे व्यापारिक गतिविधियों में भी तेजी आने की संभावना है।

UP News : उत्तर प्रदेश में सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे को अब कुशीनगर जिले तक विस्तार देने की योजना बनाई जा रही है। नए प्रस्ताव के अनुसार, एक्सप्रेसवे की लगभग 3-4 किलोमीटर लंबी धुरी कुशीनगर तक पहुंचेगी और यहीं से इसे सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा।
विस्तार के बाद, गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे लगभग 750 किलोमीटर लंबा होगा। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक, एलाइनमेंट का काम तेजी से चल रहा है और फरवरी तक डिजाइन तैयार हो जाएगा। इस विस्तार के साथ, सिलीगुड़ी से पानीपत तक एक सीधी फोरलेन सड़क उपलब्ध होगी, जिससे पूर्वांचल से पश्चिमी यूपी और हरियाणा के बीच आवागमन आसान होगा। इससे व्यापारिक गतिविधियों में भी तेजी आने की संभावना है।
यह एक्सप्रेसवे पूरी तरह ग्रीनफील्ड कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, कुशीनगर में यह सड़क 21 गांवों से गुजरेगी, जबकि गोरखपुर में 46 गांव इसके दायरे में आएंगे। भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया जल्द ही शुरू की जाएगी। विस्तारित एक्सप्रेसवे कुशीनगर से गोरखपुर, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखनऊ, सीतापुर, हरदोई, शाहजहांपुर, बदायूं, रामपुर, बरेली, संभल, अमरोहा, मेरठ, बिजनौर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, शामली होते हुए पानीपत तक पहुंचेगा। इस परियोजना का निर्माण 2026 में शुरू होने की संभावना है। फोरलेन सड़क की चौड़ाई 60-70 मीटर रखी जाएगी, ताकि भविष्य में जरूरत पड़ने पर इसका आसान विस्तार किया जा सके। इस एक्सप्रेसवे से गोरखपुर के 46 गांव और कुशीनगर के 21 गांव सीधा लाभ प्राप्त करेंगे।