
Maha Kumbh 2025 : महाकुंभनगरी (ब्यूरो)। मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya) के पावन अवसर पर संगम में पवित्र स्नान के लिए लाखों श्रद्धालु प्रयागराज पहुंचने लगे हैं, और इसका भव्य नजारा हर ओर देखने को मिल रहा है। प्रयागराज, अयोध्या और काशी में ऐसा प्रतीत हो रहा है जैसे श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा हो. हर ओर भक्ति और श्रद्धा का माहौल छाया हुआ है। 29 जनवरी को मौनी अमावस्या पर स्नान के लिए बड़ी संख्या में श्रद्घालुओं के पहुंचने की आशंका है इसके लिए उप्र सरकार ने पूरी व्यवस्था की है। वहीं आज केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह प्रयागराज पहुंचे। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने कैबिनेट मंत्रियों के साथ एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया। गृह मंत्री अमित शाह ने आज महाकुंभ 2025 में पवित्र डुबकी लगाई। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व केन्द्रीय मंत्री अमित शाह के पुत्र जय शाह तथा योग गुरू बाबा रामदेव व अन्य साधु-संत भी मौजूद रहे। पवित्र स्नान से पहले केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह (Amit shah) ने साधु-संतों से बातचीत की। महाकुंभ में अब तक 13.21 करोड़ से ज्यादा श्रद्घालुओं ने पवित्र डुबकी लगाई है।
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मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya) इस वर्ष 29 जनवरी 2025, मंगलवार को है। यह हिंदू धर्म में एक अत्यंत महत्वपूर्ण धार्मिक तिथि मानी जाती है. इस दिन संगम और अन्य पवित्र नदियों में स्नान का विशेष महत्व है. मान्यता है कि इस दिन स्नान, दान और तर्पण करने से पितरों को मोक्ष की प्राप्ति होती है और श्रद्धालु पुण्य लाभ अर्जित करते हैं। मौनी अमावस्या के पावन अवसर के लिए संगम पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है. हर दिशा से भक्त संगम की ओर बढ़ते नजर आ रहे हैं, जिससे पूरा इलाका भक्तिमय और आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया है. अयोध्या में भी कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिल रहा है. अनुमान है कि मौनी अमावस्या पर 10 लाख से अधिक श्रद्धालु अयोध्या पहुंच सकते हैं. श्रद्धालु सरयू में पवित्र स्नान और धार्मिक अनुष्ठानों के लिए उमड़ रहे हैं।
Maha Kumbh 2025 :हिंदू धर्म में मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya) का खास महत्व है. मान्यता है कि इस दिन पवित्र नदियों में स्नान कर पितरों को तर्पण करने से उन्हें मोक्ष की प्राप्ति होती है.मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्रीराम की नगरी अयोध्या पहुंचते हैं. यहां सरयू नदी में स्नान और दान-पुण्य कर लोग आध्यात्मिक लाभ अर्जित करते हैं। Maha Kumbh 2025 :