उत्तर प्रदेश में 18 हजार बच्चे बने सरकारी मित्र, कारण है बड़ा खास
UP News
भारत
चेतना मंच
30 Nov 2025 03:19 PM
UP News : उत्तर प्रदेश में 18 हजार से ज्यादा बच्चे उत्तर प्रदेश सरकार के मित्र बन गए हैं। मजेदार बात यह है कि 18 हजार से ज्यादा जो बच्चे उत्तर प्रदेश सरकार के मित्र बने हैं यें सभी बच्चे अभी अभी पैदा हुए हैं।18, हजार से अधिक बच्चों को उत्तर प्रदेश सरकार ने एक खास प्रकार का कार्ड प्रदान किया है। उत्तर प्रदेश में 1-7 जुलाई 2025 तक जन्म लेने वाले 18,000 से अधिक इन बच्चों तथा इनके माता पिता को प्रदेश सरकार ने भी बहुत बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। उत्तर प्रदेश सरकार की इस खास योजना को प्रदेश के ज्यादातर अभिभावकों का बड़ा समर्थन प्राप्त हो रहा है। उत्तर प्रदेश सरकार की इस योजना को अब तक की सबसे यूनिक योजना बताया जा रहा है ।
उत्तर प्रदेश सरकार ने बच्चों को प्रदान किए हैं गोल्ड सर्टिफिकेट
उत्तर प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि, उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने 1 से 7 जुलाई के बीच जन्म लेने वाले नवजातों को ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट व उनके अभिभावकों को पौधे प्रदान किए। योगी सरकार की इस पहल को अभिभावकों का साथ मिल रहा है। अभिभावकों ने संकल्प लिया कि नवजात के साथ ही पौधों की भी देखभाल और संरक्षण करेंगे। अभिभावकों को लकड़ी, फल व सहजन समेत कई प्रजातियों के पौधे प्रदान किए गए। सर्वाधिक ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट व पौधे लखनऊ मंडल में दिए गए। देवीपाटन मंडल दूसरे व आगरा तीसरे स्थान पर रहा। सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले कुल 18,348 नवजातों को सात दिन में ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट प्रदान किए गए। उत्तर प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित कर के वन विभाग ने इस योजना को मूर्त रूप प्रदान किया। पौधरोपण महाभियान के मिशन निदेशक दीपक कुमार ने बताया कि सभी प्रभागों के वनाधिकारी को निर्देश दिया गया था कि स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित कर संस्थागत प्रसव से जन्मे बच्चों को यह सर्टिफिकेट व पौधा दिया जाए। संस्थागत प्रसव में जिला अस्पताल, सीएचसी, पीएचसी व अन्य सरकारी अस्पतालों को शामिल किया जाए। अभिभावकों से खाली स्थानों पर पेड़ लगाने का अनुरोध किया गया।
उत्तर प्रदेश के बच्चों को भेंट स्वरूप प्रदान किए गए पौधे
उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से उत्तर प्रदेश के वन विभाग ने अभिभावकों को भेंट स्वरूप जामुन, सहजन, अमरुद, नीम, सागौन, शीशम, सिल्वर ओक, आंवला, कंजी, आम, अनार, बेलपत्थर, बकैन, तुलसी, बरगद, पीपल, बेल, महुआ, कटहल, पाकड़, महागोनी, लीची, नींबू समेत कई प्रजातियों के पौधे प्रदान किए।
क्या है ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट?
एक से सात जुलाई तक जन्मे बच्चों को प्रभागीय वनाधिकारी द्वारा जिला अस्पताल, सीएचसी, पीएचसी व अन्य सरकारी अस्पतालों में जाकर जो सर्टिफिकेट प्रदान किया गया, उसे ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट नाम दिया गया। इसका उद्देश्य बच्चों के साथ ही रोपित पौधे की समुचित देखभाल व संरक्षण के लिए अभिभावकों को प्रोत्साहित करना है।
उत्तर प्रदेश के लखनऊ मंडल में सर्वाधिक 2555 ग्रीन गोल्ड सर्टिफिकेट किए गए प्रदान
उत्तर प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर प्रदेश के लखनऊ मंडल में सबसे अधिक बच्चों को उत्तर प्रदेश सरकार का मित्र बनाते हुए सर्वाधिक गोल्ड सर्टिफिकेट प्रदान किए गए हैं। उत्तर प्रदेश सरकार ने उत्तर प्रदेश में प्रदान किए गए गोल्ड सर्टिफिकेट की पूरी सूची जारी की है आप इस सूची को नीचे पढ़ सकते हैं ।
1- लखनऊ 2555
2- देवीपाटन 1854
3- आगरा 1406
4- बरेली 1379
5- प्रयागराज 1332
6- मेरठ 1141
7- सहारनपुर 1055
8- कानपुर 1052
9- अलीगढ़ 1019
10- गोरखपुर 1018
11- अयोध्या 1015
12- मुरादाबाद 709
13- झांसी 602
14- बस्ती 540
15- चित्रकूट 515
16- वाराणसी 491
17- आजमगढ़ 414
18- मीरजापुर 251
कुल- 18348
इन 15 जनपदों में दिए गए सर्वाधिक सर्टिफिकेट
उत्तर प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि प्रदेश के 15 जिले बच्चों को गोल्ड सर्टिफिकेट जारी करने के मामले में सबसे आगे रहे हैं। जिन जिलों में सर्वाधिक गोल्ड सर्टिफिकेट जारी किए गए हैं उत्तर प्रदेश सरकार ने उसकी सूची जारी कर दी है। आप नीचे अपने जिले का नाम पढ़कर जान सकते हैं कि आपके जिले में कितने बच्चों को उत्तर प्रदेश सरकार ने अपना मित्र बनाया है।
1- बहराइच 989
2- बदायूं 795
3- प्रयागराज 782
4- सहारनपुर 612
5- हरदोई 601
6- गोरखपुर 536
7- अलीगढ़ 485
8- रायबरेली 480
9- आगरा 460
10- मथुरा 428
11- मुजफ्फरनगर 394
12- पीलीभीत 387
13- फिरोजाबाद 371
14- हाथरस 359
15- सुल्तानपुर 354