अपनी ही सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया बीजेपी के नेता ने
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 12:03 PM
उत्तर प्रदेश में भाजपा(BJP) के एक नेता ने अपनी ही सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया है। केंद्र तथा उत्तर प्रदेश में BJP की सरकार होने के बावजूद बीजेपी के नेता द्वारा सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने की घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। उत्तर प्रदेश के BJP के नेता के द्वारा अपनी ही सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने की घटना को पूरे प्रदेश में नमक मिर्च लगाकर प्रचारित किया जा रहा है। UP News :
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर की है यह घटना
आपको बता दें कि अपनी ही सरकार के खिलाफ BJP के नेता के द्वारा प्रदर्शन करने की यह घटना उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले की है। अलग-अलग मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार BJP में एक नेता की गाड़ी पर लगा स्टीकर तथा BJP का झण्डा हटाने का विषय अपनी ही सरकार के विरुद्ध प्रदर्शन करने का कारण बन गया।
बड़ा राजनीतिक हंगामा देखने को मिला
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में शनिवार को बड़ा राजनीतिक हंगामा देखने को मिला जब भाजपा नेता और गन्ना समिति तितावी के चेयरमैनपति शंकर सिंह उर्फ भोला की गाड़ी को सीओ सिटी व अंडर ट्रेनिंग आईपीएस सिद्धार्थ के. मिश्रा ने रोक लिया। आरोप है कि गाड़ी पर लगे चेयरमैन के स्टीकर और भाजपा का झंडा हटाने के लिए दबाव बनाया गया और यहां तक कि गाड़ी सीज करने की धमकी दी गई। इस दौरान शंकर सिंह ने भाजपा जिला अध्यक्ष सुधीर सैनी और किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष राजू अहलावत को फोन मिलाकर अधिकारी से बात कराने की कोशिश की, लेकिन आरोप है कि सीओ सिटी ने बातचीत से इनकार कर दिया। यहां तक कि स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल द्वारा बात करने का प्रयास भी असफल रहा। इससे भाजपा कार्यकतार्ओं में आक्रोश फैल गया। शंकर सिंह ने बताया कि उन्होंने जिलाध्यक्ष से सीओ सिटी की बात कराने की कोशिश की तो उन्होंने कहा कि फोन कराना है तो योगी जी से कराओ । सूचना पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुधीर सैनी और किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष राजू अहलावत के नेतृत्व में दर्जनों कार्यकर्ता खुद मौके पर पहुंचे और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। आरोप है कि बढ़ते विरोध को देखते हुए सीओ सिटी के साथ आए पुलिसकर्मियों ने गाड़ी की चाबी राजू अहलावत को सौंप दी और चुपचाप वहां से निकल गए। बाद में राजू अहलावत भी बैकफुट पर नजर आए। उन्होंने इसे मामूली मामला बता दिया ।
मुजफ्फरनगर में बीजेपी नेताओं के साथ पुलिस के दुर्व्यवहार के कई मामले
आपको बता दे कि पिछले कुछ महीनों में मुजफ्फरनगर में बीजेपी नेताओं के साथ पुलिस के दुर्व्यवहार के कई मामले सामने आ चुके है पर हर बार बीजेपी नेताओं को किसी न किसी दबाव में बैकफुट पर आ जाना पड़ता है। हाल ही में बुढ़ाना में भी बीजेपी मंडल अध्यक्ष मोनू ठाकुर के भाई के साथ फर्जी मुठभेड़ का मामला था, उस दिन भी रामनाथ सिंह और राजू अहलावत बड़े गुस्से में बोल रहे थे लेकिन बाद में कोतवाल को हटा दिया गया तो फर्जी मुठभेड़ का मामला ही दफन हो गया था। फिलहाल घटना के बाद भाजपा कार्यकतार्ओं में गहरा रोष है और उनका कहना है कि अब अधिकारियों का रवैया पूरी तरह बदल गया है। कई कार्यकतार्ओं ने आरोप लगाया कि वर्षों से अधिकारी भाजपा नेताओं की बात नहीं सुनते और मनमर्जी करते हैं, जिससे पार्टी और सरकार की साख पर असर पड़ता है। UP Newsनोएडा का बेटा बना डीयू की लॉ फैकल्टी का उपाध्यक्ष