उत्तर प्रदेश में बड़ा खुलासा : गौ तस्कर ने कहा- पुलिस को देता हूं 25 हजार हफ्ता, मचा हड़कंप
भारत
चेतना मंच
13 Oct 2025 04:21 PM
उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले से एक सनसनीखेज वीडियो सामने आया है, जिसने पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में एक कथित गौ तस्कर ने कबूल किया है कि वह स्थानीय पुलिसकर्मी को गौवंश की ढुलाई के बदले हर सप्ताह 25 हजार रुपये की रिश्वत देता है। यह वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर फैल गया है, जिसके बाद उत्तर प्रदेश के इस जिले में जनाक्रोश और प्रशासनिक हलचल दोनों देखने को मिल रहे हैं। UP News :
घटना कैसे हुई
मामला उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में फुंफुआव पुल के पास का बताया जा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों ने संदिग्ध पिकअप वाहन को रोका, जिसमें तीन गौवंश लदे हुए थे। ग्रामीणों ने चालक को पकड़ लिया और मौके पर ही उससे पूछताछ की। पूछताछ के दौरान युवक ने जो खुलासा किया, उसने सभी को हैरान कर दिया।
तस्कर के चौंकाने वाले दावे
वीडियो में पकड़े गए युवक ने बताया कि वह फुल्ली गांव के रहने वाले गोलू यादव का वाहन चला रहा था। उसने कहा कि वह कोतवाली में तैनात सिपाही नीरज कुमार अनुरागी को हर हफ्ते 25 हजार रुपये देता है ताकि पुलिस उसकी गाड़ियों को न रोके। युवक ने यह भी कहा कि वह पिछले पांच दिनों से लगातार गौवंश से लदी गाड़ियां ले जा रहा है और अब तक किसी ने नहीं रोका। गांव वालों ने पकड़े गए तस्कर को पुलिस के हवाले कर दिया। लेकिन पुलिस का कहना है कि आरोपी हिरासत से फरार हो गया। इस दावे ने पूरे मामले को और संदिग्ध बना दिया है। अब लोगों के बीच चर्चा है कि क्या गौ तस्करी का यह नेटवर्क पुलिस की शह पर चल रहा था।
जनता में गुस्सा, जांच की मांग
गाजीपुर के ग्रामीणों और स्थानीय संगठनों ने इस घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि वीडियो में दिखाए गए आरोप सच हैं, तो यह पुलिस की साख पर सीधा दाग है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, वरिष्ठ अधिकारी मामले की जांच रिपोर्ट तलब कर सकते हैं। गाजीपुर का यह मामला सिर्फ गौ तस्करी से जुड़ा नहीं, बल्कि सिस्टम की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। वीडियो के वायरल होने के बाद अब निगाहें इस बात पर हैं कि पुलिस विभाग आरोपी सिपाही और तस्कर के खिलाफ क्या कार्रवाई करता है। UP News