यूपी के मथुरा में भयावह हादसा : टीला धंसने से छह मकान जमींदोज, कई लोग मलबे में दबे, रेस्क्यू जारी
UP News
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 11:13 AM
UP News : उत्तर प्रदेश में श्रीकृष्ण की नगरी मथुरा के गोविंद नगर क्षेत्र में शनिवार को एक दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है। जब एक टीला धंस जाने से उस पर बने छह मकान भरभराकर धाराशाई हो गए। हादसे में 15 से 20 लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। प्रशासनिक अमला राहत और बचाव कार्य में पूरी तरह जुटा हुआ है।
टीले की खुदाई बनी हादसे की वजह?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह हादसा अमरीश टीले पर हुआ, जहां निर्माण के लिए की जा रही खुदाई के दौरान मिट्टी खिसक गई। इसके चलते वहां बने छह कच्चे-पक्के मकान ताश के पत्तों की तरह ढह गए। बताया जा रहा है कि जिस वक्त हादसा हुआ, कुछ लोग मकानों के भीतर मौजूद थे, जबकि पास ही निमार्णाधीन दीवार पर मजदूर भी काम कर रहे थे।
कई घायल, दर्जनों के दबे होने की आशंका
अब तक एक युवक और एक महिला को मलबे से जीवित निकालकर अस्पताल भेजा गया है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि एक दर्जन से अधिक लोग अब भी दबे हो सकते हैं। सीओ सिटी, सिटी मजिस्ट्रेट, पुलिस फोर्स, एनडीआरएफ और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचकर मलबा हटाने का काम कर रही हैं।
जमीन समतलीकरण के दौरान लापरवाही की आशंका
घटना स्थल पर मौजूद सूत्रों के अनुसार, सुनील चेन, राम अग्रवाल, प्रदीप शर्मा, रीतेश सहित छह लोग जमीन के हिस्सेदार बताए जा रहे हैं, जो उस जमीन पर प्लॉटिंग के लिए बुलडोजर द्वारा समतलीकरण करवा रहे थे। थाना गोविंद नगर के कच्ची सड़क इलाके में स्थित इस टीले की मिट्टी हटाने का कार्य चल रहा था, जो संभवत: बिना किसी तकनीकी सर्वेक्षण और सुरक्षा मानकों के किया गया।
प्रशासन की भूमिका पर उठ रहे सवाल
इस प्रकार का हादसा एक बार फिर प्रशासन और नगर नियोजन एजेंसियों की भूमिका पर सवाल खड़े करता है। क्या इस टीले की खुदाई के लिए कोई अनुमोदन लिया गया था? क्या निर्माण से पहले भू-सर्वे कराया गया था? इन प्रश्नों के उत्तर फिलहाल प्रशासन के पास नहीं हैं, लेकिन मलबे में दबी जिÞंदगियां जवाब मांग रही हैं। UP News