यूपी में स्कॉलरशिप घोटाला : 14 अफसरों पर गिरी गाज, 100 से अधिक पर लटक रही तलवार
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 03:21 AM
उत्तर प्रदेश में अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के छात्रों को मिलने वाली स्कॉलरशिप में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर योगी सरकार का डंडा चला है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि शैक्षिक और आर्थिक सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं में ढिलाई किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगी। UP News :
14 अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि
जांच में दोषी पाए गए 14 अधिकारियों को तत्काल प्रतिकूल प्रविष्टि (एडवर्स एंट्री) दी गई है। इसका असर सीधे उनके सेवा रिकॉर्ड पर पड़ेगा। वहीं, 100 से अधिक अफसरों और कर्मचारियों को चिन्हित कर चेतावनी जारी की गई है। उनकी कार्यप्रणाली की निगरानी अब कड़ी कर दी गई है।
कैसे खुली पोल?
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की स्कॉलरशिप योजनाओं को लेकर कई जिलों से शिकायतें सामने आई थीं। जांच में पाया गया कि कुछ अधिकारी जानबूझकर भुगतान प्रक्रिया में देरी कर रहे थे। इसका सीधा खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ा, जिन्हें समय पर स्कॉलरशिप नहीं मिल सकी।
छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
एक उच्चस्तरीय बैठक में सीएम योगी ने अधिकारियों को सख्त लहजे में कहा कि छात्रों का भविष्य सरकार की प्राथमिकता है। एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग के बच्चों को समय पर स्कॉलरशिप और शुल्क प्रतिपूर्ति सुनिश्चित करना हमारा दायित्व है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही अस्वीकार्य है। राज्य सरकार की इस स्कॉलरशिप योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए मदद देना और सामाजिक समावेशन को बढ़ावा देना है। लेकिन अफसरशाही की सुस्ती और अनियमितताओं ने इस नेक पहल पर सवाल खड़े कर दिए हैं। UP News