जंगली हमले पर योगी सरकार का बड़ा फैसला, मिलेगा 4 लाख तक का मुआवजा
UP News
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 03:05 AM
UP News : उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने आम जनता की सुरक्षा को लेकर एक अहम फैसला लिया है। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार के फैसले के अनुसार, अब सियार, लोमड़ी और मधुमक्खियों जैसे जंगली जानवरों और कीटों के हमलों को भी राज्य आपदा की श्रेणी में शामिल किया जाएगा। इस प्रस्ताव को राज्य कार्यकारिणी समिति से मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही इसकी आधिकारिक अधिसूचना जारी की जाएगी। इस कदम के बाद ऐसे हमलों में मृतकों के परिजनों को ₹4 लाख का मुआवजा मिलेगा, जबकि घायलों का इलाज सरकारी अस्पतालों में मुफ्त किया जाएगा।
योगी सरकार द्वारा क्यों लिया गया यह फैसला?
गौरतलब है कि पिछले साल बहराइच, पीलीभीत और ललितपुर जैसे जिलों में इन जानवरों के हमलों से कई मासूमों की जान जा चुकी है।बहराइच में सियारों और लोमड़ियों के हमले में 8 बच्चों और एक महिला की मौत हुई थी। ललितपुर में मधुमक्खियों के हमले में सीडीओ समेत 9 अफसर घायल हुए। वहीं पीलीभीत में सियारों ने 12 लोगों को घायल किया, जिनमें 7 बच्चे शामिल थे। इस तरह की घटनाएं अक्सर ग्रामीण और जंगल से सटे इलाकों में सामने आती हैं जहां लोग पहले से ही संसाधनों की कमी से जूझते हैं।
मुआवजा कैसे मिलेगा?
पीड़ित परिवार 1070 हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं या सीधे डीएम / एडीएम को सूचना दे सकते हैं। घटना की तहसील स्तर पर जांच होगी, और फिर 24 से 72 घंटे के भीतर मुआवजा जारी किया जाएगा। मृतकों के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में स्पष्ट कारण दर्ज होना जरूरी होगा।
पहले से किन आपदाओं में मिलता है मुआवजा?
वर्तमान में राज्य सरकार बेमौसम बारिश, आकाशीय बिजली, सर्पदंश, नीलगाय और सांड के हमलों को आपदा की श्रेणी में शामिल कर चुकी है। अब इस सूची में नए जानवरों और कीटों के हमले भी जुड़ने जा रहे हैं। यह फैसला उन लोगों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है जो प्राकृतिक परिवेश के बीच रहते हैं और रोज इन खतरों का सामना करते हैं। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार की यह पहल सिर्फ मुआवजे तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जनजीवन की सुरक्षा और सम्मान की दिशा में उठाया गया एक बड़ा कदम है। UP News