उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारी को बताया सड़क छाप गुंडा
उत्तर प्रदेश की राजनीति बहुत अजीब है। उत्तर प्रदेश का कौन नेता कब क्या बोल देगा इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती। इसी कड़ी में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश में सक्रिय एक नेता ने उत्तर प्रदेश पुलिस के एक अधिकारी को सड़क छाप गुंडा बता दिया।

UP News : उत्तर प्रदेश की राजनीति बहुत अजीब है। उत्तर प्रदेश का कौन नेता कब क्या बोल देगा इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती। इसी कड़ी में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश में सक्रिय एक नेता ने उत्तर प्रदेश पुलिस के एक अधिकारी को सड़ छाप गुंडा बता दिया। उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारी को सड़क छाप गुंडा बताने पर पुलिस विभाग में आक्रोश फैल गया है। उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारी कोसड़कछाप गुंडा बताने का यह प्रकरण प्रदेश के सम्भल जिले का है।
सम्भल में तैनात पुलिस उपाधीक्षक को बताया सड़कछाप गुंडा
उत्तर प्रदेश का सम्भल जिला कानून व्यवस्था की दृष्टि से बेहद संवेदनशील माना जाता है। शुक्रवार 13 मार्च 2026 को जुमे की नमाज के लिए यहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। जुमे की नमाज से पहले सम्भल शहर में पीस कमेटी की मीटिंग हुई थी। पीस कमेटी की मीटिंग में सम्भल के पुलिस उपाधीक्षक (CO) कुलदीप कुमार ने सख्त चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पीस कमेटी की बैठक में मौज्ूद दो विपक्षी नेता CO के बयान पर भडक़ उठे। एक नेता तो यहां तक बोल दिया कि यह किसी पुलिस अधिकारी की नहीं सडक़ छाप गुंडे की भाषा है।
CO ने दी थी ईरान वाली चेतावनी
नेताओं के बयान बताने से पहले आपको यह बता देते हैं कि पीस कमेटी की मीटिंग में सम्भल के CO कुलदीप कुमार ने क्या कहा था। दरअसल पीस कमेटी की बैठक में सीओ कुलदीप कुमार ने दो टूक कहा कि जिन्हें ईरान-इजरायल युद्ध से ज्यादा दिक्कत है, वे जहाज पकडक़र ईरान चले जाएं और वहां से लड़ें। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दो देशों के झगड़े का असर भारत की कानून व्यवस्था पर पड़ा, तो पुलिस 'बढय़िा इलाज' करेगी। CO ने नमाज के दौरान काली पट्टी बांधने या किसी देश के विरोध में स्लोगनबाजी न करने की हिदायत दी। उन्होंने ने साफ कहा कि नमाज केवल मस्जिद के अंदर होगी और सड़ पर आने वालों को जेल भेजा जाएगा।
CO के बयान पर शुरू हुई राजनीति
उत्तर प्रदेश के सम्भल में CO कुलदीप कुमार के बयान पर राजनीति शुरू हो गई है। कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाया कि क्या लोकतांत्रिक देश में वर्दीधारी की ऐसी भाषा मान्य है। उन्होंने इसे मौलिक अधिकारों का हनन बताते हुए यूपी पुलिस से अधिकारी को संविधान की प्रस्तावना याद दिलाने की मांग की। वहीं, एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने और भी सख्त लहजे में कहा कि अधिकारी की भाषा संवैधानिक शपथ वाली नहीं, बल्कि किसी अपराधी या सडक़ छाप गुंडे जैसी लग रही है। शौकत अली ने CO कुलदीप कुमार की भाषा को मुसलमानों को डराने-धमकाने वाला और असंवैधानिक करार दिया है। उन्होंने सवाल उठाया कि एक जिम्मेदार पद पर बैठकर ऐसी धमकी देना संविधान की मूल भावना के खिलाफ है। शौकत अली ने पूछा कि अल्पसंख्यकों को इतना कमजोर क्यों समझा जा रहा है कि उन्हें सरेआम धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने मांग की है कि इस विवादित बयान के लिए CO के खिलाफ तत्काल मामला दर्ज कर निष्पक्ष जांच कराई जाए। UP News
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UP News : उत्तर प्रदेश की राजनीति बहुत अजीब है। उत्तर प्रदेश का कौन नेता कब क्या बोल देगा इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती। इसी कड़ी में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश में सक्रिय एक नेता ने उत्तर प्रदेश पुलिस के एक अधिकारी को सड़ छाप गुंडा बता दिया। उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारी को सड़क छाप गुंडा बताने पर पुलिस विभाग में आक्रोश फैल गया है। उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारी कोसड़कछाप गुंडा बताने का यह प्रकरण प्रदेश के सम्भल जिले का है।
सम्भल में तैनात पुलिस उपाधीक्षक को बताया सड़कछाप गुंडा
उत्तर प्रदेश का सम्भल जिला कानून व्यवस्था की दृष्टि से बेहद संवेदनशील माना जाता है। शुक्रवार 13 मार्च 2026 को जुमे की नमाज के लिए यहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। जुमे की नमाज से पहले सम्भल शहर में पीस कमेटी की मीटिंग हुई थी। पीस कमेटी की मीटिंग में सम्भल के पुलिस उपाधीक्षक (CO) कुलदीप कुमार ने सख्त चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पीस कमेटी की बैठक में मौज्ूद दो विपक्षी नेता CO के बयान पर भडक़ उठे। एक नेता तो यहां तक बोल दिया कि यह किसी पुलिस अधिकारी की नहीं सडक़ छाप गुंडे की भाषा है।
CO ने दी थी ईरान वाली चेतावनी
नेताओं के बयान बताने से पहले आपको यह बता देते हैं कि पीस कमेटी की मीटिंग में सम्भल के CO कुलदीप कुमार ने क्या कहा था। दरअसल पीस कमेटी की बैठक में सीओ कुलदीप कुमार ने दो टूक कहा कि जिन्हें ईरान-इजरायल युद्ध से ज्यादा दिक्कत है, वे जहाज पकडक़र ईरान चले जाएं और वहां से लड़ें। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दो देशों के झगड़े का असर भारत की कानून व्यवस्था पर पड़ा, तो पुलिस 'बढय़िा इलाज' करेगी। CO ने नमाज के दौरान काली पट्टी बांधने या किसी देश के विरोध में स्लोगनबाजी न करने की हिदायत दी। उन्होंने ने साफ कहा कि नमाज केवल मस्जिद के अंदर होगी और सड़ पर आने वालों को जेल भेजा जाएगा।
CO के बयान पर शुरू हुई राजनीति
उत्तर प्रदेश के सम्भल में CO कुलदीप कुमार के बयान पर राजनीति शुरू हो गई है। कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाया कि क्या लोकतांत्रिक देश में वर्दीधारी की ऐसी भाषा मान्य है। उन्होंने इसे मौलिक अधिकारों का हनन बताते हुए यूपी पुलिस से अधिकारी को संविधान की प्रस्तावना याद दिलाने की मांग की। वहीं, एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने और भी सख्त लहजे में कहा कि अधिकारी की भाषा संवैधानिक शपथ वाली नहीं, बल्कि किसी अपराधी या सडक़ छाप गुंडे जैसी लग रही है। शौकत अली ने CO कुलदीप कुमार की भाषा को मुसलमानों को डराने-धमकाने वाला और असंवैधानिक करार दिया है। उन्होंने सवाल उठाया कि एक जिम्मेदार पद पर बैठकर ऐसी धमकी देना संविधान की मूल भावना के खिलाफ है। शौकत अली ने पूछा कि अल्पसंख्यकों को इतना कमजोर क्यों समझा जा रहा है कि उन्हें सरेआम धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने मांग की है कि इस विवादित बयान के लिए CO के खिलाफ तत्काल मामला दर्ज कर निष्पक्ष जांच कराई जाए। UP News
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