अगले 24 घंटे के भीतर प्रदेश में मानसून दोबारा सक्रिय होगा जिससे कई इलाकों में अच्छी बारिश होने की संभावना है। खासतौर पर पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में भारी बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है।

उत्तर प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई थी। इसकी वजह से कई जिलों में तेज धूप और उमस भरी गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी लेकिन अब मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटे के भीतर प्रदेश में मानसून दोबारा सक्रिय होगा जिससे कई इलाकों में अच्छी बारिश होने की संभावना है। खासतौर पर पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में भारी बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है। वहीं पश्चिमी यूपी के कई हिस्सों में भी बारिश का असर देखने को मिल सकता है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र अब उत्तर प्रदेश के मौसम को प्रभावित करने लगा है। इसके साथ ही मानसून ट्रफ भी सक्रिय हो रही है। यही वजह है कि शनिवार से प्रदेश के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। कई जिलों में बादल छाए रहेंगे और रुक-रुककर बारिश का दौर शुरू हो सकता है। इससे तापमान में भी गिरावट आएगी और लोगों को उमस से राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम विभाग का कहना है कि इस बार सबसे ज्यादा असर पूर्वी उत्तर प्रदेश में देखने को मिलेगा। गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, आजमगढ़, बलिया, गाजीपुर, चंदौली, वाराणसी, प्रयागराज, सोनभद्र और आसपास के जिलों में तेज बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। इन इलाकों में लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।
सिर्फ पूर्वांचल ही नहीं बल्कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भी मौसम बदलने वाला है। नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, मथुरा, अलीगढ़, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर जैसे जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है। कुछ जगहों पर तेज बारिश के कारण जलभराव जैसी स्थिति भी बन सकती है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि लखनऊ, कानपुर, अयोध्या, बस्ती, श्रावस्ती, बलरामपुर, सीतापुर, गोंडा और लखीमपुर खीरी समेत तराई के कई जिलों में भी अच्छी बारिश हो सकती है। इन इलाकों में बारिश के साथ 30 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। ऐसे में लोगों को मौसम से जुड़े अपडेट पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।
मानसून की वापसी के संकेत गुरुवार को ही देखने को मिले जब उत्तर प्रदेश के कई शहरों में झमाझम बारिश हुई। सबसे ज्यादा 62.4 मिलीमीटर बारिश लखीमपुर खीरी में दर्ज की गई। इसके अलावा महराजगंज में 32 मिलीमीटर, बाराबंकी में 28 मिलीमीटर, आगरा में 22.6 मिलीमीटर, शाहजहांपुर में 20.4 मिलीमीटर, जौनपुर में 20 मिलीमीटर, सिद्धार्थनगर में 16.4 मिलीमीटर, रायबरेली में 13.6 मिलीमीटर, सीतापुर में 11.8 मिलीमीटर और संभल में 11 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। इस बारिश के बाद कई इलाकों में मौसम सुहावना हो गया और लोगों को गर्मी से राहत मिली।
मानसून के दोबारा सक्रिय होने की खबर किसानों के लिए राहत लेकर आई है। धान, मक्का और दूसरी खरीफ फसलों की खेती के लिए यह बारिश काफी फायदेमंद मानी जा रही है। वहीं शहरों में रहने वाले लोगों को भी लगातार पड़ रही गर्मी और उमस से राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि तेज बारिश और बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है।
मौसम विभाग का मानना है कि अगले कुछ दिनों तक उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी। पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है जबकि पश्चिमी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रह सकता है। यदि बंगाल की खाड़ी में बना सिस्टम और मजबूत होता है तो प्रदेश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है। ऐसे में लोगों को घर से निकलने से पहले मौसम की ताजा जानकारी जरूर देखनी चाहिए।
विज्ञापन