मुख्यमंत्री ने पारिवारिक विवादों से जुड़े मामलों में भी संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने को कहा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दोनों पक्षों से बातचीत कर आपसी सहमति और सौहार्द के साथ समाधान निकालने की कोशिश की जाए, ताकि लंबे विवादों का शांतिपूर्ण निस्तारण हो और परिवार टूटने से बचे।

UP News : उत्तर प्रदेश में अवैध कब्जों और भू-माफिया नेटवर्क पर योगी सरकार ने एक बार फिर सख्त रुख साफ किया है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मंदिर परिसर में आयोजित ‘जनता दर्शन’ के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जमीन पर जबरन कब्जा करने वाले भू-माफिया और बाहुबलियों के खिलाफ तत्काल और कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले और आम नागरिकों की संपत्ति पर नजर रखने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। गोरखनाथ मंदिर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन ऑडिटोरियम में पहुंचे फरियादियों से मुलाकात करते हुए मुख्यमंत्री ने एक-एक शिकायत सुनी और संबंधित अधिकारियों को आवेदन सौंपकर गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध और संतोषजनक निस्तारण के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने शिकायतकर्ताओं को भरोसा दिलाते हुए कहा कि “चिंता न करें, हर समस्या का समाधान होगा—उत्तर प्रदेश सरकार हर संभव मदद करेगी।
जनता दर्शन में बड़ी संख्या में जमीन से जुड़े विवादों की शिकायतें सामने आने पर मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अवैध कब्जे, धमकी और दबंगई के जरिए जमीन हड़पने की कोशिशों पर तुरंत कार्रवाई हो। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में कानूनी प्रक्रिया में ढिलाई नहीं होनी चाहिए और जरूरत पड़े तो सख्त धाराओं में कार्रवाई की जाए, ताकि उत्तर प्रदेश में भू-माफियाओं का मनोबल टूटे और पीड़ितों को न्याय मिले। मुख्यमंत्री ने पारिवारिक विवादों से जुड़े मामलों में भी संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने को कहा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दोनों पक्षों से बातचीत कर आपसी सहमति और सौहार्द के साथ समाधान निकालने की कोशिश की जाए, ताकि लंबे विवादों का शांतिपूर्ण निस्तारण हो और परिवार टूटने से बचे। इलाज के लिए वित्तीय सहायता मांगने वाले आवेदनों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो टूक कहा कि उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के रास्ते में धन की कमी बाधा नहीं बननी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पतालों से अनुमान (एस्टीमेट) तेजी से तैयार कराए जाएं और मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से सहायता के लिए प्रस्ताव तुरंत शासन को भेजे जाएं, ताकि जरूरतमंद मरीजों को समय पर राहत मिल सके।
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि हर शिकायत को गंभीरता से लिया जाए और शिकायतकर्ता को वास्तविक राहत दिलाना प्राथमिकता हो। उत्तर प्रदेश में प्रशासनिक जवाबदेही तय करते हुए उन्होंने कहा कि काम में लापरवाही, देरी या औपचारिकता नहीं चलेगी—जनता के भरोसे को परिणाम में बदलना होगा। UP News