उत्तर प्रदेश की बेटियां आज सिर्फ अपने परिवार या शहर का नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश और देश का मान बढ़ा रही हैं। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश की एक बेटी ने बड़ा कारनामा किया है। उत्तर प्रदेश की इस बेटी के कारनामे की चर्चा हर तरफ हो रही है।

UP News : उत्तर प्रदेश की बेटियां आज सिर्फ अपने परिवार या शहर का नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश और देश का मान बढ़ा रही हैं। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश की एक बेटी ने बड़ा कारनामा किया है। उत्तर प्रदेश की इस बेटी के कारनामे की चर्चा हर तरफ हो रही है। विश्व पटल पर उत्तर प्रदेश रौशन करने वाले इस बेटी का नाम हर्षिता अरोड़ा है। बेहद कम उम्र में टेक्नोलॉजी की राह चुनने वाली हर्षिता को दुनिया के प्रतिष्ठित स्टार्टअप एक्सेलरेटर Y Combinator ने जनरल पार्टनर जैसी बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। यह उपलब्धि इसलिए और खास बन जाती है क्योंकि हर्षिता ने बेहद कम उम्र में अपनी अलग राह चुनी, कोडिंग की दुनिया में कदम रखा और पारंपरिक सीमाओं से आगे बढ़ते हुए टेक्नोलॉजी सेक्टर में अपनी मजबूत पहचान बनाई है।
हर्षिता अरोड़ा मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर की रहने वाली हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने 13 साल की उम्र में कोडिंग सीखना शुरू किया और 15 साल की उम्र में टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए स्कूल छोड़ दिया। कम उम्र में ही उन्होंने एक क्रिप्टो पोर्टफोलियो मैनेजमेंट ऐप बनाया, जिसे बाद में Apple ने फीचर किया और बाद में वह ऐप अधिग्रहित भी हुआ। उत्तर प्रदेश की इस युवा प्रतिभा ने बहुत जल्दी यह साबित कर दिया था कि उम्र से कहीं ज्यादा मायने रखता है विजन और काम करने की क्षमता।
Y Combinator के मुताबिक, हर्षिता अब जनरल पार्टनर के तौर पर फाउंडर्स के साथ सीधे काम करेंगी। वह खास तौर पर प्रोडक्ट डेवलपमेंट, ग्रोथ और स्केलिंग जैसे अहम क्षेत्रों में स्टार्टअप्स का मार्गदर्शन करेंगी। YC ने अपने आधिकारिक बयान में यह भी बताया कि हर्षिता समर 2025 बैच से विजिटिंग पार्टनर थीं और उसी दौरान उन्होंने फाउंडर्स के साथ गहरा काम किया। अब उन्हें स्थायी और बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। हर्षिता ने खुद भी इस नई भूमिका को लेकर उत्साह जताया है। उन्होंने कहा कि विजिटिंग पार्टनर के तौर पर बीता एक साल बेहद शानदार रहा और उन्हें कई बेहतरीन फाउंडर्स के साथ काम करने का मौका मिला। अब जनरल पार्टनर के रूप में जुड़ना उनके लिए एक नया और रोमांचक अध्याय है।
हर्षिता अरोड़ा ने विग्नान वेलिवेला और तुषार मिश्रा के साथ मिलकर AtoB की सह-स्थापना की। यह कंपनी ट्रकिंग इंडस्ट्री के लिए फाइनेंशियल इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार करती है। उपलब्ध रिपोर्ट्स के अनुसार, AtoB अब अमेरिका में 30,000 से ज्यादा फ्लीट्स को सेवाएं दे रही है। कंपनी सीरीज C स्टेज तक पहुंच चुकी है और हाल के कवरेज में इसकी वैल्यूएशन करीब 700 मिलियन डॉलर बताई गई है, जबकि पहले की रिपोर्टों में 800 मिलियन डॉलर का आंकड़ा भी सामने आया था। इस अंतर को देखते हुए यह कहना ज्यादा सही होगा कि कंपनी की वैल्यूएशन सैकड़ों मिलियन डॉलर के स्तर पर पहुंच चुकी है।
हर्षिता अरोड़ा को 2020 में बाल शक्ति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनकी उपलब्धि की सराहना की थी और विज्ञान, टेक्नोलॉजी तथा मानव कल्याण के प्रति उनके जुनून की प्रशंसा की थी। इससे साफ था कि उत्तर प्रदेश की यह युवा प्रतिभा काफी पहले से राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना चुकी थी, और अब Y Combinator में मिली नई भूमिका ने उनके सफर को अंतरराष्ट्रीय ऊंचाई दे दी है। UP News