उत्तर प्रदेश सरकार ने अपने ऐतिहासिक फैसले में यह निर्णय लिया है कि अब उत्तर प्रदेश में चैनमैन भी बन सकेंगे लेखपाल। उत्तर प्रदेश में चैनमैनों को पहली बार पदोन्नति का मौका मिल रहा है।

उत्तर प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक में कई ऐसे फैसले लिए गए हैं जो नागरिकों, किसानों, व्यापारियों, सरकारी कर्मचारियों और उद्योग जगत सभी पर सकारात्मक प्रभाव डालेंगे। उत्तर प्रदेश सरकार ने अपने ऐतिहासिक फैसले में यह निर्णय लिया है कि अब उत्तर प्रदेश में चैनमैन भी बन सकेंगे लेखपाल। उत्तर प्रदेश में चैनमैनों को पहली बार पदोन्नति का मौका मिल रहा है।
पहली बार सरकार ने किया है बड़ा बदलाव उत्तर प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार पहली बार सरकार ने यह बड़ा बदलाव किया है। इस बदलाव के तहत अब उत्तर प्रदेश में चैनमैन भी लेखपाल बन सकेंगे। अब लेखपालों के 2% पद चैनमैन से पदोन्नति द्वारा भरे जाएंगे। इस पद के लिए 6 वर्ष की सेवा और इंटरमीडिएट योग्यता अनिवार्य होगी। उत्तर प्रदेश सरकार के इस फैसले से एक बहुत ही बड़े तबके को खुशियों की सौगात मिली है।
चैनमैनों को उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा दी गई इस सौगात से न केवल खुशी मिली है, बल्कि अनुभवी चैनमैनों को करियर ग्रोथ भी मिलेगा।
उत्तर प्रदेश में अभी तक लेखपाल के पद बहुत से खाली पड़े थे। उत्तर प्रदेश सरकार के निर्णय से लेखपाल के इन खाली पदों को भरने में तेजी आएगी। इस निर्णय ये विभागीय कार्य दक्षता बढ़ेगी। चैनमैनों में काम को बेहतर ढंग से करने की होड़ होगी क्योंकि उन्हें अब ये उम्मीद होगी कि यदि उन्होंने बेहतर ढंग से काम किया तो आगे वे लेखपाल भी बन सकते हैं। इससे सभी अपने अपने काम में बेहतर पर्फामेंस देंगे। जिससे चीजें सुगम और आसान होंगी और लोगों को इसका सीधा फायदा मिलेगा।