
Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में आर्थिक तंगी के चलते एक पिता ने अपनी दो बेटियों के साथ फांसी पर लटककर जान दे दी। सुबह घटना का पता उस समय चला, जब मृतक के पिता सिक्योरिटी गार्ड की ड्यूटी कर अपने घर वापस लौटे और उन्होंने दरवाजा खटखटाया। पुलिस ने मृतक पिता और उसकी दोनों बेटियों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
गोरखपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र के घोसीपुरवा निवासी 45 वर्षीय जितेंद्र श्रीवास्तव दर्जी थे। सोमवार की रात जितेंद्र भोजन करने के बाद अपने कमरे में सोने गए। उसकी दो बेटियां 16 वर्षीया मान्या और 14 वर्षीया मानवी दूसरे कमरे में सोई हुईं थीं। सुबह जितेंद्र के पिता ओमप्रकाश श्रीवास्तव सिक्योरिटी गार्ड की ड्यूटी करने के बाद घर पहुंचे। सुबह उन्होंने घर का दरवाजा खटखटाया तो अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं हुई। काफी देर तक आवाज लगाने के बाद भी कोई हलचल नहीं हुई तो वह अनहोनी की आशंका से भयभीत हो गए।
परेशान होकर उन्होंने पड़ोसियों को बुलाया। दरवाजा खोला तो घर के अंदर का नजारा देखकर ओम प्रकाश और अन्य क्षेत्रवासी दंग रह गए। कमरे में जितेंद्र का शव छत की कुंडी से लटक रहा था। यह देखकर ओमप्रकाश चीख पड़े। वह भागकर दूसरे कमरे की तरफ गए। दूसरे कमरे का हाल देखकर तो वह बेहोश ही हो गए। घटना के बाद उनका रो-रोकर बुरा हाल है। अंदर मान्या और मानवी के भी शव छत की कुंडी से लटक रहा था। लोगों ने पुलिस को इस घटना की सूचना दी।
बताया जा रहा है कि परिवार के ऊपर बहुत कर्ज था जिसके चलते उन्होंने ये कदम उठाया। शाहपुर पुलिस के साथ एसपी सिटी मौके पर पहुंचे। कानूनी कार्रवाई पूरी कर पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।