जानकारी के मुताबिक, अलंकार अग्निहोत्री ने सरकारी सेवा में आने से पहले आईटी सेक्टर में करीब 10 साल तक कंसल्टेंसी की नौकरी की थी। इसके बाद उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू की। बताया जाता है कि उन्होंने 1998 में यूपी बोर्ड परीक्षा में प्रदेश स्तर पर 21वां स्थान हासिल किया था।

UP News : उत्तर प्रदेश के बरेली से एक बड़ी प्रशासनिक खबर सामने आई है। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के सिटी मजिस्ट्रेट पद पर तैनात अलंकार अग्निहोत्री ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उनके इस्तीफे की वजह उत्तर प्रदेश सरकार की नीतियों और UGC के नए नियमों को लेकर गहरी असहमति बताई जा रही है। इस इस्तीफे ने बरेली के कलेक्ट्रेट से लेकर लखनऊ के पावर कॉरिडोर तक चर्चाओं को तेज कर दिया है, क्योंकि सेवा में रहते हुए किसी अफसर का इस तरह खुलकर कदम उठाना, बेहद दुर्लभ माना जाता है।
इस्तीफे से पहले अलंकार अग्निहोत्री की सोशल मीडिया गतिविधि ने भी उत्तर प्रदेश के सियासी-प्रशासनिक गलियारों में चर्चा को और धार दे दी। सामने आई पोस्ट में वह एक पोस्टर के साथ नजर आते हैं, जिस पर काला कानून वापस लो और बायकॉट बीजेपी जैसे संदेश लिखे होने की बात कही जा रही है।
अलंकार अग्निहोत्री मूल रूप से कानपुर (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले बताए जाते हैं। बरेली से पहले वह लखनऊ, उन्नाव और बलरामपुर जैसे अहम जिलों में एसडीएम के तौर पर जिम्मेदारी निभा चुके हैं। प्रशासनिक क्षेत्र में उनकी पहचान स्पष्टवादिता और सख्त कार्यशैली वाले अफसर के रूप में रही है। जानकारी के मुताबिक, अलंकार अग्निहोत्री ने सरकारी सेवा में आने से पहले आईटी सेक्टर में करीब 10 साल तक कंसल्टेंसी की नौकरी की थी। इसके बाद उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू की। बताया जाता है कि उन्होंने 1998 में यूपी बोर्ड परीक्षा में प्रदेश स्तर पर 21वां स्थान हासिल किया था। आगे चलकर उन्होंने बीएचयू से बीटेक किया। एक पुराने इंटरव्यू का हवाला देते हुए कहा जाता है कि परिवार की जिम्मेदारियों के चलते उन्होंने पहले घर को संभाला, फिर तैयारी शुरू की और पहले ही प्रयास में UP PCS में चयनित हो गए।
अलंकार अग्निहोत्री को मई 2025 में उत्तर प्रदेश के बरेली में सिटी मजिस्ट्रेट की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इससे पहले वह लखनऊ में नगर निगम/प्रशासनिक व्यवस्था के तहत सहायक नगर आयुक्त के पद पर भी कार्य कर चुके हैं। UP News