उत्तर प्रदेश पुलिस का चर्चित इंस्पेक्टर निकला बड़ा करोड़पति
भारत
चेतना मंच
03 Nov 2025 04:44 PM
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
का
एक
चर्चित
पुलिस
इंस्पेक्टर
इन
दिनों
खूब
चर्चा
में
है।
उत्तर
प्रदेश
के
नोएडा
,
सहारनपुर
,
शामली
तथा
मेरठ
जिलों
में
तैनात
रहा
पुलिस
इंस्पेक्टर
रिटायर
हो
चुका
है।
हाल
ही
में
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
की
विजिलेंस
टीम
ने
इस
पुलिस
इंस्पेक्टर
के
ठिकानों
पर
छापे
मारे
हैं।
छापेमारी
के
दौरान
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
के
इस
इंस्पेक्टर
के
पास
से
इतनी
दौलत
मिली
है
जितनी
दौलत
किसी
-
किसी
व्यक्ति
के
पास
ही
होती
है।
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
का
दावा
है
कि
रिटायर
इंस्पेक्टर
के
पास
14
करोड़
रूपये
से
अधिक
की
दौलत
होने
का
प्रमाण
मिले
हें।
UP News
सैकड़ों करोड़ हो सकती है उत्तर प्रदेश पुलिस के इस इंस्पेक्टर की दौलत
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
के
विजिलेंस
विभाग
का
दावा
है
कि
छापेमारी
में
रिटायर
पुलिस
इंस्पेक्टर
के
पास
से
14
करोड़
रूपए
की
चल
तथा
अचल
संपत्ति
के
दस्तावेज
मिल
गए
हैं।
विजिलेंस
टीम
को
उम्मीद
है
कि
डिटेल
जांच
करने
पर
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
के
इस
इंस्पेकटर
के
पास
सैकड़ों
करोड़
की
दौलत
होने
का
पता
चल
सकता
है।
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
के
इस
रिटायर
इंस्पेक्टर
का
नाम
प्रेमवीर
सिंह
राणा
है।
प्रेमवीर
सिंह
राणा
उत्तर
प्रदेश
के
बागपत
जिले
के
निरपुड़ा
गाँव
का
मूल
निवासी
है।
उसने
उत्तर
प्रदेश
के
सहारनपुर
में
शानदार
घर
तथा
बड़ा
फार्म
हाउस
बना
रखा
है।
उत्तर
प्रदेश
पुलिस
की
विजिलेंस
ने
उसके
सहारनपुर
जिले
में
मौजूजद
ठिकानों
पर
छापा
मारकर
14
करोड़
रूपए
से
अधिक
की
चल
तथा
अचल
संपत्ति
के
दस्तावेज
बरामद
करने
का
दावा
किया
है।
UP News
क्या है उत्तर प्रदेश के रिटायर इंस्पेक्टर प्रेमवीर राणा का पूरा मामला ?
आपको
बता
दें
कि
उत्तर
प्रदेश
की
नौकरी
में
रहते
हुए
इंस्पेक्टर
प्रेमवीर
राणा
खूब
चर्चा
में
रहा।
उत्तर
प्रदेश
के
शामली
जिले
से
रिटायर्ड
होने
के
बाद
इसकी
शिकायत
शासन
से
की
गई
थी।
आरोप
लगाए
गए
कि
प्रेमवीर
राणा
ने
पुलिस
में
रहते
हुए
अपने
पद
का
दुरुपयोग
करते
हुए
संपत्ति
अर्जित
की।
शासन
के
निर्देशों
के
बाद
बागपत
के
दोघट
थाना
क्षेत्र
के
गांव
निरपुड़ा
के
रहने
वाले
रिटायर्ड
इंस्पेक्टर
प्रेमवीर
राणा
पर
आय
से
अधिक
संपत्ति
रखने
के
आरोपों
में
मुकदमा
दर्ज
किया
गया
था।
मुकदमा
दर्ज
होने
की
खुशी
में
बागपत
के
निरपुड़ा
गांव
में
सामूहिक
दावत
का
आयोजन
भी
किया
गया
था।
इस
अवसर
पर
ग्रामीणों
ने
योगी
सरकार
का
धन्यवाद
दिया
था।
पुलिस
में
रहते
हुए
प्रेमवीर
राणा
सहारनपुर
,
मुजफ्फरनगर
,
शामली
,
मेरठ
और
नोएडा
समेत
पश्चिम
यूपी
के
कई
जिलों
में
थाना
प्रभारी
रहे।
आरोप
है
कि
इसी
दौरान
इन्होंने
करोड़ों
रुपये
की
संपत्ति
अर्जित
की।
14
करोड़
38
लाख
नौ
हजार
की
चल
-
अचल
संपत्ति
मिली
सहारनपुर
,
संवाददाता।
रिटायर्ड
इंस्पेक्टर
प्रेमवीर
सिंह
राणा
यहां
छापे
की
कार्रवाई
के
बाद
विजिलेंस
की
ओर
से
जारी
प्रेस
नोट
में
बताया
कि
बी
-80
ब्रिजेशनगर
स्थित
मकान
से
?71,500
मूल्य
के
फर्नीचर
,
बैंक
पासबुक
,
एलआईसी
पॉलिसियों
की
रसीदें
और
शस्त्र
खरीद
के
दस्तावेज
मिले।
UP News
इस
मकान
की
अनुमानित
कीमत
लगभग
?1.20
करोड़
है।
बी
-27
ब्रिजेशनगर
स्थित
आवास
से
?7,18,700
के
घरेलू
सामान
?20,59,055
की
ज्वैलरी
और
विभिन्न
बैंकों
के
12
खाते
मिले।
मकान
की
वर्तमान
कीमत
लगभग
1.50
करोड़
आंकी
गई।
बी
-
ब्रिजेशनगर
स्थित
मकान
में
चार
किरायेदार
पाए
गए।
इस
मकान
की
अनुमानित
कीमत
?80
लाख
है।
ग्राम
शेखपुरा
स्थित
फार्म
हाउस
उससे
जुड़ी
तीन
भूमियों
और
गोशाला
में
पाए
गए
सामान
की
कुल
कीमत
9.60
लाख
आंकी
गई
,
जबकि
फार्म
हाउस
की
कुल
अनुमानित
कीमत
करीब
?10.50
करोड़
बताई
गई
है।
फार्म
हाऊस
में
बना
विशाल
हॉल
लगभग
?70
लाख
की
लागत
से
तैयार
कराया
गया
है।
इसके
अतिरिक्त
23
बैनामे
कृषि
एवं
आवासीय
प्लॉट
,
स्कॉर्पियो
कार
,
डिजायर
कार
और
बाइक
भी
पाई
गई।
विजिलेंस
टीम
के
अनुसार
,
छापे
में
अब
तक
लगभग
?14
करोड़
38
लाख
नौ
हजार
255
रुपये
की
चल
-
अचल
संपत्ति
का
पता
चला
है।
UP News
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सितंबर में दर्ज हुआ था उत्तर प्रदेश पुलिस के इंस्पेक्टर के खिलाफ मामला
आपको
बता
दें
कि
22
सितंबर
2025
को
उत्तर
प्रदेश
के
मेरठ
में
स्थित
विजिलेंस
थाने
में
प्रेमवीर
सिंह
राणा
के
खिलाफ
भ्रष्टाचार
निवारण
अधिनियम
के
तहत
मुकदमा
दर्ज
किया
गया
था।
जांच
में
पाया
गया
था
कि
उनकी
संपत्ति
करीब
2.92
करोड़
रुपये
है
,
जो
आय
से
अधिक
थी
,
जिसके
बारे
में
वे
कोई
ठोस
स्पष्टीकरण
नहीं
दे
सके
थे।
आरोप
तो
किसी
पर
भी
लग
सकते
हैं
:
प्रेमवीर
सिंह
राणा
कार्रवाई
के
दौरान
प्रेमवीर
सिंह
राणा
कुछ
देर
के
लिए
घर
से
बाहर
निकले
थे
,
तब
मीडियाकर्मियों
ने
बातचीत
करना
चाही
तो
वह
बोले
कि
आरोप
तो
किसी
पर
भी
लग
सकते
हैं।
उनके
पास
एक
-
एक
संपत्ति
का
हिसाब
है।
इसके
बाद
प्रेमवीर
सिंह
राणा
दोबारा
अपने
घर
के
अंदर
चले
गए।
UP News
मेरठ
की
विजिलेंस
टीम
ने
छापेमारी
की
है।
स्थानीय
पुलिस
को
सुरक्षा
के
लिए
लगाया
गया
था।
टीमों
ने
आय
से
अधिक
संपत्ति
के
आरोप
में
दस्तावेजों
की
जांच
की
है।
व्योम
बिंदल
,
एसपी
सिटी
मीडियाकर्मियों
से
बनाई
दूरी
मेरठ
विजिलेंस
टीम
की
कार्रवाई
एसपी
विजिलेंस
राजीव
कुमार
के
नेतृत्व
में
की
गई।
अधिकारिक
रूप
से
टीमों
में
शामिल
किसी
भी
अधिकारी
ने
मीडियाकर्मियो
कोई
बातचीत
नहीं
की।
टीमों
के
साथ
देहात
कोतवाली
इंस्पेक्टर
सूबे
सिंह
फोर्स
के
साथ
तैनात
रहे।
वीडियोग्राफी
भी
कराई
बताया
जाता
है
कि
कई
दस्तावेजों
की
फोटो
कॉपी
भी
टीमें
साथ
ले
गई
हैं।
इसके
साथ
ही
उनके
लैपटॉप
से
डाटा
को
भी
पेनड्राइवि
में
लिया
गया।
कार्रवाई
के
दौरान
प्रेमवीर
राणा
भी
मौजूद
रहे
हैं।
टीमों
ने
उनसे
पूछताछ
भी
की
है।छापेमारी
के
दौरान
पूरे
घटनाक्रम
की
वीडियोग्राफी
भी
कराई
जा
रही
है।
एक
बेटा
कर्नल
तो
दूसरा
डॉक्टर
प्रेमवीर
राणा
लंबे
समय
तक
सहारनपुर
के
थाना
कुतुबशेर
,
देहात
कोतवाली
,
कोतवाली
रामपुर
मनिहारान
,
थाना
जनकपुरी
में
तैनात
रहे।
इसके
साथ
ही
देहात
कोतवाली
में
एक
व्यक्ति
को
पीटने
के
आरोप
में
उनको
सस्पेंड
भी
कर
दिया
था।
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