मुख्यमंत्री योगी ने संदेश दिया कि उत्तर प्रदेश में सफर करने वाला हर नागरिक सुरक्षित पहुंचे, इसके लिए कोहरे के मौसम में लापरवाही नहीं, ‘जीरो रिस्क’ रणनीति अपनाई जाए। ताकि धुंध में भी सड़क की विजिबिलिटी बनी रहे और किसी भी तरह की चूक हादसे का कारण न बने।

UP News : उत्तर प्रदेश में घने कोहरे के बीच सड़क हादसों की बढ़ती आशंका को देखते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशासन और हाईवे एजेंसियों को पूरी तरह ‘एक्शन मोड’ में रहने के निर्देश दिए हैं। मथुरा में हुए ताज़ा हादसे के बाद मुख्यमंत्री ने NHAI और स्टेट हाईवे अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर स्पष्ट कहा कि प्रदेश के ब्लैक/डार्क स्पॉट पर बिना देरी ठोस इंतजाम लागू हों रिफ्लेक्टर, साइनेज, पर्याप्त लाइटिंग और इमरजेंसी रिस्पॉन्स जैसी व्यवस्थाएं मौके पर दिखनी चाहिए। मुख्यमंत्री योगी ने संदेश दिया कि उत्तर प्रदेश में सफर करने वाला हर नागरिक सुरक्षित पहुंचे, इसके लिए कोहरे के मौसम में लापरवाही नहीं, ‘जीरो रिस्क’ रणनीति अपनाई जाए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश के सभी टोल प्लाजा पर लाउडस्पीकर/पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम को सक्रिय रखते हुए चालकों को कोहरे की तीव्रता और सुरक्षित गति की लगातार सूचना दी जाए। उन्होंने साफ कहा कि जहां भी हाईवे पर लाइटिंग खराब या बंद है, वहां बिना समय गंवाए मरम्मत कराकर रोशनी बहाल की जाए, ताकि धुंध में भी सड़क की विजिबिलिटी
बनी रहे और किसी भी तरह की चूक हादसे का कारण न बने।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश के जिन मार्गों पर कोहरे में विजिबिलिटी सबसे ज्यादा गिरती है, वहां डार्क स्पॉट को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर विशेष टीमें तैनात की जाएं। जरूरत के मुताबिक रिफ्लेक्टर, साइन बोर्ड और स्पष्ट चेतावनी संकेत लगाए जाएं, ताकि चालकों को समय रहते दूरी- दिशा का सही अंदाजा मिल सके। बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश के एक्सप्रेस-वे और प्रमुख राजमार्गों पर पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए, कम दृश्यता के दौरान ट्रैफिक को नियंत्रित कर सुचारु संचालन कराया जाए और हर ब्लैक स्पॉट पर मौजूद टीमें मौके पर रहकर किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता पहुंचाएं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश के सभी एक्सप्रेस-वे पर क्रेन और एंबुलेंस की 24×7 तैनाती सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी हादसे या खराबी की स्थिति में मदद में एक पल की भी देरी न हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि इमरजेंसी रिस्पॉन्स टाइम घटाने के लिए कंट्रोल रूम और फील्ड टीमों के बीच त्वरित संवाद व मजबूत समन्वय बनाया जाए। साथ ही, अधिकारियों को मौके पर जाकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने और कमियों को तुरंत दुरुस्त कराने के आदेश दिए गए हैं, ताकि कोहरे के मौसम में प्रदेश की सड़कें अधिक सुरक्षित रह सकें।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के नागरिकों से अपील की है कि कोहरा/धुंध के दौरान जारी ट्रैफिक एडवाइजरी को हल्के में न लें और यात्रा से पहले सुरक्षा नियमों का पालन जरूर करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि ओवरस्पीडिंग और लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी, क्योंकि कोहरे में एक छोटी-सी चूक भी बड़े हादसे की वजह बन सकती है।