उत्तर प्रदेश में उत्तर प्रदेश की SI परीक्षा 14 तथा 15 मार्च 2026 को होगी। उत्तर प्रदेश SI भर्ती परीक्षा उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में आयोजित की जाएगी। इस दौरान उत्तर प्रदेश की इस महत्वपूर्ण भर्ती परीक्षा के नाम पर गंदा धंधा शुरू हो गया है।

UP News : उत्तर प्रदेश में उत्तर प्रदेश की SI परीक्षा 14 तथा 15 मार्च 2026 को होगी। उत्तर प्रदेश SI भर्ती परीक्षा उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में आयोजित की जाएगी। इस दौरान उत्तर प्रदेश की इस महत्वपूर्ण भर्ती परीक्षा के नाम पर गंदा धंधा शुरू हो गया है। उत्तर प्रदेश SI भर्ती परीक्षा के नाम पर गंदा धंधा यह है कि कुछ लोग इस परीक्षा का पेपर लीक करने का दावा करके अवैध कमाई के काम में लग गए हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस ने SI भर्ती परीक्षा का पर्चा लीक करने के मामले में दो अलग-अलग FIR दर्ज की हैं।
सोशल मीडिया के टेलीग्राम प्लेटफार्म के द्वारा उत्तर प्रदेश SI भर्ती परीक्षा के नाम पर ठगी करने का मामला प्रकाश में आया है। उत्तर प्रदेश पुलिस के भर्ती बोर्ड के निर्देश पर ठगी के इस मामले में दो अलग-अलग FIR दर्ज की गई हैं। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में दर्ज की गई SI के आधार पर पुलिस ने जांच तेज कर दी है। उत्तर प्रदेश पुलिस के प्रवक्ता ने बताया है कि यूपी एसआई एग्जाम पेपर लीक नाम से चल रहे एक टेलीग्राम चैनल पर 25 हजार रुपये लेकर परीक्षा का पेपर उपलब्ध कराने का लालच दिया जा रहा था। इस चैनल के जरिए अभ्यर्थियों को यह विश्वास दिलाने की कोशिश की जा रही थी कि उनके पास परीक्षा का असली प्रश्नपत्र मौजूद है। इस मामले में भर्ती बोर्ड की ओर से सब-इंस्पेक्टर ने लखनऊ के हुसैनगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
उत्तर प्रदेश की पुलिस इस पूरे मामले की परत-दर-परत जांच में जुटी हुई है। उत्तर प्रदेश पुलिस का कहना है कि यह पूरा मामला अभ्यर्थियों को ठगने का प्रयास हो सकता है। फिलहाल साइबर टीम और पुलिस डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर इन टेलीग्राम चैनलों के संचालकों की पहचान करने में जुटी हुई है। अधिकारियों के मुताबिक, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इस तरह के कई फर्जी चैनल सक्रिय रहते हैं, जो प्रतियोगी परीक्षाओं के नाम पर अभ्यर्थियों को गुमराह करते हैं। ऐसे मामलों में उम्मीदवारों से पैसे लेकर उन्हें फर्जी या मनगढ़ंत सामग्री भेज दी जाती है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और टेलीग्राम चैनल चलाने वाले आरोपियों की पहचान होने के बाद उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। UP News